
Divyanshi Choudhary : एशियन गेम्स के लिए भारतीय वुशु टीम में चयन को लेकर विवाद सामने आया है। राजस्थान के कोटा की खिलाड़ी दिव्यांशी चौधरी ने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर अपनी आपबीती सुनाई है। वीडियो में उसने दावा किया कि तीन महीने तक कैंप में अभ्यास करने के बाद ऐनवक्त पर उसका नाम टीम से हटा दिया गया। उसने चयन प्रक्रिया में पक्षपात का आरोप लगाते हुए फेडरेशन की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए है। दिव्यांशी के अनुसार वह ट्रायल में पहले स्थान पर रही थी और एशियन गेम्स की तैयारी के लिए लगातार कैंप में अभ्यास कर रही थी। उसका आरोप है कि ट्रायल में चौथे स्थान पर रहने वाली खिलाड़ी को दोबारा मौका दिया गया और बाद में उसका चयन कर लिया गया।
कोटा की खिलाड़ी दिव्यांशी ने कहा कि इस दौरान उसे मानसिक रूप से परेशान किया गया। कैंप में ट्रेनिंग के दौरान चोट लगने के बावजूद उसने अभ्यास जारी रखा। वीडियो में दिव्यांशी ने यह भी दावा किया कि भारतीय टीम की अंतिम सूची जापान भेजी जा चुकी थी और उसमें उसका नाम शामिल था। आठ सितंबर को खिलाड़ियों को भारत सरकार की ओर से किट वितरण के दौरान भी वह टीम के साथ थी। इसके बाद गुरुवार रात करीब आठ बजे उसका नाम टीम से हटाए जाने की जानकारी मिली।
दिव्यांशी का कहना है कि सोमवार को टीम के रवाना होने से कुछ दिन पहले यह निर्णय लिया गया। वीडियो में दिव्यांशी ने भावुक होकर अपनी मानसिक स्थिति का जिक्र किया। उसने अपने माता-पिता से फेडरेशन के खिलाफ कार्रवाई की अपील भी की। दिव्यांशी के वीडियो के बाद खेल जगत में चयन प्रक्रिया की पारदर्शिता और खिलाड़ियों की शिकायतों के निस्तारण को लेकर सवाल उठ रहे है।
दिव्यांशी 60 किलो वर्ग में सांदा खेलती हैं। वे पहले भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत के लिए पदक जीत चुकी हैं। 2024 जूनियर वर्ल्ड वुशु चैंपियनशिप में दिव्यांशी ने 60 किलो वर्ग में कांस्य पदक जीता था। जून 2026 में चीन में हुए मेंबर वूशु टूर्नामेंट में भी उन्होंने सिल्वर मेडल जीता था। वह 2017 से कोटा की महाबली स्पोर्ट्स एकेडमी में ट्रेनिंग कर रही हैं। राजस्थान के लिए उन्होंने अलग-अलग स्तरों पर 12 गोल्ड मेडल जीते हैं।
20वें एशियन गेम्स का आयोजन 19 सितंबर से 4 अक्टूबर 2026 तक जापान के आइची-नागोया में होगा। वुशु के मुकाबले 20 से 24 सितंबर तक खेले जाएंगे। भारतीय वुशु टीम में कुल 7 खिलाड़ी हैं। 3 पुरुष और 4 महिला। पुरुषों में सूरज सिंह मायांगलंबम, आर्यन और विक्रांत बलियान शामिल हैं, जबकि महिलाओं में न्येमान वांगसू, अपर्णा, रोशीबीना देवी और लैंगलेंटोम्बी देवी हंजाबम हैं।