कोटा

प्रॉब्लम सॉल्व नहीं तो टोल नहीं…

सीमलिया टोल नाके पर राशि वसूलने का मामला, जिला आयोजन समिति में जिला प्रमुख बोले
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Feb 06, 2019
kota news
प्रॉब्लम सॉल्व नहीं तो टोल नहीं...


कोटा. जिला आयोजना समिति की बैठक जिला प्रमुख सुरेन्द्र गोचर की अध्यक्षता में मंगलवार को जिला परिषद स्थित सभागार में आयोजित की गई। समिति के सदस्य सचिव मुख्य आयोजना अधिकारी जेपी महावर ने गत आयोजना समिति की बैठक की पालना रिपोर्ट सदन में प्रस्तुत की। इस पर चर्चा के बाद अनुमोदन किया गया।


बैठक में जिला प्रमुख ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों के चिकित्सालयों में लगे कई चिकित्सक प्रतिनियुक्ति पर कोटा के चिकित्सालयों में लगे हैं। इससे लोगों को समय पर उपचार नहीं मिल रहा। प्रतिनियुक्ति पर लगे चिकित्सकों को अपने मूल पदों पर भेजा जाए, ताकि ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को पर्याप्त चिकित्सा सुविधा मुहैया हो सके।
उन्होंने सड़क पूरी तरीके से क्षतिग्रस्त होने के बाद भी सीमलिया टोल नाके पर राशि वसूलने का मामला उठाते हुए कहा कि जब तक सड़क ठीक नहीं की जाती है, तब तक टोल नहीं वसूला जाए। आलनिया गौरव पथ को 8 माह की निर्धारित अवधि में संवेदक द्वारा पूर्ण नहीं करने पर नोटिस जारी कर एवं टेंडर निरस्त कर धरोहर राशि जब्त करने व पुन: टेंडर जारी करने के निर्देश दिए। आयोजना समिति के सदस्य जम्बूकुमार मीणा ने स्वाइन फ्लू एवं डेंगू बीमारी की रोकथाम के प्रयास करने की बात कही। जिला परिषद में दो सहवरित सदस्य नियुक्त किए जाने की मांग की।


सदस्य ओमकृष्ण गुंजल ने महाराव भीमसिंह चिकित्सालय की तरह मेडिकल कॉलेज में मोर्चरी को शुरू करवाने की मांग की। सदस्य सीताराम नागर ने नाकारा हैडपम्पों को नीलाम करवाने, सदस्य रामलीला ने नहरी तंत्र की ओर ध्यान आकर्षित किया। जिला परिषद के सीईओ बीएम बैरवा ने जिला स्तरीय अधिकारियों को पालना कर समय पर सदस्यों को अवगत कराने के निर्देश दिए।

Published on:
06 Feb 2019 05:24 pm