कोटा

कोटा में भी नाबालिग से दुष्कर्म मामले में आसाराम जैसी सजा

नाबालिग से दुष्कर्म मामले में आरोपित को मरते दम तक उम्रकैद की सजा  
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Updated: 27 Apr 2018, 7:13 PM IST
rape case in kota

कोटा . जवाहर नगर थाना क्षेत्र में 3 साल पहले नाबालिगलड़की का अपहरण कर दुष्कर्म करने के आरोपित को अदालत ने शुक्रवार को शेष प्राकृत जीवन काल तक उम्रकैद की सजा से दंडित किया है। साथ ही, उस पर 45 हजार रुपए जुर्माना भी लगाया है।

12 वर्षीय पीडि़ता ने अपनी मां के साथ 22 अप्रेल 2015 को जवाहर नगर थाने में रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। इसमें कहा था कि उसकी मां जवाहर नगर स्थित लक्ष्मी प्लाजा में झाडू पोंछा करती है। वह भी उनके साथ काम पर जाती है। उसी जगह पर रहने वाली एक महिला ने उसे २० अप्रेल को अंडे लेने के लिए बाजार भेजा था। शाम को जब वह बाजार जा रही थी। तभी रास्ते में बरड़ा बस्ती करनी नगर नांता निवासी सुरेश ऐरवाल उसे मिला और उसे दादी के पास छोडऩे का झांसा देकर अपने घर ले गया। जहां रात में उससे दुष्कर्म किया। इसके बाद वह अगले दिन सुबह वहां से बचकर भागी और बस स्टैण्ड पर पहुंची। यहां से उसने अपने जीजा को फोन कर बुलाया और पूरी घटना बताई। पीडि़ता की रिपोर्ट पर पुलिस ने आरोपित के खिलाफ दुष्कर्म व पोक्सो एक्ट में मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार किया था।

विशिष्ट लोक अभियोजक कमलकांत शर्मा ने बताया कि इस मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से 11 गवाहों के बयान दर्ज करवाए गए। पोक्सो एक्ट अदालत के विशिष्ट न्यायाधीश गिरीश अग्रवाल ने दुष्कर्म व पोक्सो का दोषी पाए जाने पर आरोपी सुरेश ऐरवाल को शेष प्राकृत जीवन काल तक के लिए उम्र कैद की सजा से दंडित किया है। साथ ही उस पर 45 हजार रुपए जुर्माना भी लगाया।

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