
कोटा. चायनीज मांझे से मंगलवार को बाइक सवार एक जने की जान पर बन आई। मांझे से उसकी नाक कट गई। बाइक अनियंत्रित होकर पैरों पर गिरने से एक पैर टूट गया। उसका बुधवार को निजी अस्पताल में ऑपरेशन हुआ। डेढ़ घंटे चले ऑपरेशन में नाक पर पन्द्रह टांके आए और प्लास्टिक सर्जरी की गई। वहीं पैर में रॉड डाली।
जय हिंद क्रांति सेवा मिशन के जिलाध्यक्ष संदीप मेवाड़ा ने बताया कि माला फाटक निवासी चौथमल वाल्मीकि (45) पत्नी के साथ बाइक से माला फाटक की तरफ जा रहा था। पूनम कॉलोनी क्षेत्र में चायनीज मांझा शरीर में उलझ गया। चेहरे पर इतनी तेजगति से होकर निकला की उसकी नाक कट गई।
बाइक अनियंत्रित होने से वे नीचे गिर गए। इससे पैरों पर बाइक गिर गई। अचानक हुए हादसे से शरीर से खून बहने लगा। आसपास के लोग दौड़कर आए और वाहन से उन्हें चम्बल गार्डन स्थिति निजी अस्पताल पहुंचाया। यहां प्राथमिक उपचार हुआ। अस्थि रोग विशेषज्ञ डॉ. मोहम्मद इकबाल ने बताया कि चौथमल का बुधवार सुबह ऑपरेशन किया गया। डेढ़ घंटे चले ऑपरेशन में पहले नाक की प्लास्टिक सर्जरी की। इसके बाद एक पैर में रॉड डाली।
युवक की गर्दन कट गई थी
इससे पहले एक जनवरी को भामाशाहमंडी स्थित ओवरब्रिज से बाइक से प्रेमनगर घर आ रहे युवक की गर्दन चायनीज मांझे से कट गई थी। घायल होने पर उसे निजी चिकित्सालय ले जाया गया। उद्योग नगर थाना क्षेत्र स्थित प्रेमनगर निवासी सुनील मेघवाल (22) एक जनवरी की शाम करीब साढ़े चार बजे बाइक से भामाशाहमंडी के निकट स्थित ओवरब्रिज से गुजर रहा था। तभी कटी पतंग को किसी ने मांझे से अचानक पकड़कर खींचा। इससे मांझा सुनील की गर्दन पर रगड़ता हुआ निकला और उसकी गर्दन कट गई, खून बहने लगा। इस पर उसे निजी चिकित्सालय में भर्ती करवाया गया, जहां श्वास नली को नुकसान नहीं पहुंचने से वह बाल-बाल बच गया।