
कोटा . राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग के सदस्य सुनील सिंघी ने बुधवार को कलक्ट्रेट स्थित टैगोर सभागार में प्रधानमंत्री के 15 सूत्रीय कार्यक्रम की समीक्षा बैठक ली। इसमें अनुपस्थित रहने वाले अधिकारियों पर नाराजगी व्यक्त करते हुए एेसे अधिकारियों को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि अधिकारी बैठक में अनुपस्थित रहे, यह प्रवृत्ति उचित नहीं है। उन्होंने जिला कलक्टर की ओर इशारा करते हुए कहा कि c के लक्ष्य पूरे नहीं हो रहे हैं। इसके लिए आप शिविर लगाएं या कुछ भी करें, लेकिन टारगेट पूरे होने चाहिए। कोई भी अल्पसंख्यक व्यक्ति योजनाओं से वंचित नहीं होना चाहिए।
4800 करोड़ का किया बजट
बैठक में आयोग सदस्य ने कहा कि अल्पसंख्यकों के कल्याणार्थ चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं में भारत सरकार द्वारा बजट प्रावधान अन्य वर्षों की तुलना में बढ़ाकर 4800 करोड़ किया है। सभी विभाग अल्पसंख्यकों के शैक्षणिक एवं आर्थिक विकास के लिए बजट का अधिक से अधिक सदुपयोग करें।
डिमाण्ड होने पर और राशि उपलब्ध करा दी जाएगी। बजट की कोई कमी नहीं हैं। बैठक में अतिरिक्त कलक्टर नगर बीएल मीणा, उपाधीक्षक पुलिस शहर शिवभगवान गोदारा, ग्रामीण सत्यपाल सिंह, जिला अल्प संख्यक अधिकारी हमीद उलहक सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
पहले जैसा अब नहीं, काम नहीं हो तो मेरे ऊपर छोड़ दो
राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग के सदस्य सुनील सिंघी का शाम को तलवंडी जैन मंदिर में सम्मान किया गया। समारोह में जब सदस्य सिंघी अल्पसंख्यक योजना का लाभ लेने के लिए लोगों का आह्वान कर रहे थे, तभी दिगम्बर जैन समाज अध्यक्ष अजय बाकलीवाल खड़े हुए और उन्होंने कहा कि जमीनी हकीकत यह है कि अल्पसंख्यकों को धरातल पर सरकार की योजनाओं का लाभ नहीं मिल रहा।
चांदखेड़ी जैसे प्रसिद्ध मंदिर, स्कूल, शोधपीठ संस्थान समेत अन्य संस्थाओं तक के पंजीयन नहीं हो पा रहे। अधिकारियों के चक्कर लगाते-लगाते जूते तक घिस गए। इस पर दोबारा सिंघी खड़े हुए और माइक थामकर कहा कि पहले ऐसे होता था, लेकिन अब ऐसा नहीं है। पहले अधिकारियों से मिलो, उसके बाद काम नहीं हो तो आप सीधे मुझे आकर मिलो।
उसके बाद मेरे ऊपर छोड़ दो। यदि फिर काम नहीं हो तो बताना। इससे पहले कार्यक्रम संयोजक प्रकाश जैन दीपपुरा, एके जैन, मुकेश विजय व अन्य सदस्यों ने सिंघी का स्वागत किया।