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Rajasthan: मंत्री जी को परोसी जली हुई रोटियां, थाली में चावल भी नहीं दिया, अन्नपूर्णा रसोई पहुंचे थे मदन दिलावर

कोटा में शिक्षा मंत्री मदन दिलावर शनिवार को केशवपुरा चौराहे के पास संचालित अन्नपूर्णा रसोई का औचक निरीक्षण करने पहुंच गए। मंत्री ने खुद भोजन कर व्यवस्था और गुणवत्ता देखी। इस दौरान उन्हें परोसी गई रोटियां जली हुई मिलीं, जबकि चावल खत्म होने के कारण थाली में चावल नहीं था। मौके पर भोजन परोसने और जूठी प्लेटें हटाने की व्यवस्था को लेकर भी कमियां सामने आईं।
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Updated: 12 Sep 2026, 7:55 PM IST
Madan Dilawar Annapurna Rasoi
Madan Dilawar: अन्नपूर्णा रसोई में भोजन करते मंत्री मदन दिलावर (फोटो-पत्रिका)

कोटा। प्रदेश में गरीब और जरूरतमंद लोगों को सस्ती दर पर भोजन उपलब्ध कराने के लिए संचालित अन्नपूर्णा रसोई की व्यवस्थाओं की शनिवार को उस समय पोल खुलती नजर आई, जब शिक्षा एवं पंचायती राज मंत्री मदन दिलावर अचानक निरीक्षण करने पहुंच गए। केशवपुरा चौराहे के पास एक ढाबे के निकट संचालित अन्नपूर्णा रसोई में मंत्री ने खुद बैठकर भोजन किया। इस दौरान उनकी थाली में जली हुई रोटियां परोसी गईं, जबकि चावल खत्म होने के कारण उन्हें चावल भी नहीं मिल सका।

मंत्री दिलावर दोपहर करीब दो बजे अचानक अन्नपूर्णा रसोई पहुंचे। उनके साथ कुछ कार्यकर्ता भी मौजूद थे। बिना किसी पूर्व सूचना के पहुंचे मंत्री ने पहले रसोई की व्यवस्थाओं का जायजा लिया और इसके बाद भोजन की गुणवत्ता परखने के लिए खुद खाना खाया। उन्होंने निर्धारित राशि का बिल भी भुगतान किया।

अन्नपूर्णा रसोई में भोजन करते मंत्री मदन दिलावर (फोटो-पत्रिका)

खाने के बाद मदन दिलावर क्या बोले?

भोजन करने के बाद मंत्री ने बताया कि रसोई में परोसे गए भोजन की गुणवत्ता कुल मिलाकर ठीक थी, लेकिन रोटियां जली हुई थीं। इसके अलावा चावल खत्म हो चुके थे। ऐसे में भोजन करने के लिए पहुंचने वाले लोगों को थाली में चावल नहीं दिया जा रहा था।

भोजन परोसने और प्लेट उठाने पर सवाल

निरीक्षण के दौरान केवल भोजन की गुणवत्ता ही नहीं, बल्कि रसोई की व्यवस्थाओं में भी कमियां सामने आईं। मंत्री के अनुसार, भोजन परोसने के लिए पर्याप्त और व्यवस्थित व्यवस्था नहीं थी। भोजन करने वाले लोग खुद ही खाना लेकर अपनी थाली में परोस रहे थे और इसके बाद भोजन लेकर जा रहे थे।

मंत्री ने टेबल पर रखी जूठी प्लेटों को भी देखा। उन्हें उठाने के लिए भी उचित व्यवस्था नहीं थी। इससे रसोई में सफाई और संचालन की व्यवस्था पर सवाल खड़े हुए।

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निगम आयुक्त को दिए जांच के निर्देश

अन्नपूर्णा रसोई की व्यवस्थाओं का जायजा लेने के बाद मंत्री मदन दिलावर ने कोटा नगर निगम आयुक्त ओपी मेहरा को भोजन की गुणवत्ता की जांच कराने के निर्देश दिए। उन्होंने यह सुनिश्चित करने को कहा कि रसोई में लोगों को निर्धारित मापदंडों के अनुसार भोजन मिले और खाने की गुणवत्ता से किसी तरह का समझौता नहीं हो।

अधिकारियों में हलचल

मंत्री के औचक निरीक्षण के बाद अन्नपूर्णा रसोई की व्यवस्थाओं को लेकर अधिकारियों में भी हलचल देखने को मिली। अब निगम स्तर पर भोजन की गुणवत्ता और रसोई के संचालन की व्यवस्थाओं की जांच की जाएगी।

अन्नपूर्णा रसोई योजना का उद्देश्य जरूरतमंद लोगों को किफायती दर पर पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराना है। ऐसे में मंत्री के निरीक्षण के दौरान सामने आई कमियों ने व्यवस्था की निगरानी और नियमित निरीक्षण की जरूरत को फिर सामने ला दिया है।

इन्होंने कहा-

'केशवपुरा में संचालित अन्नपूर्णा रसोई में मिली कमियों को लेकर मंत्रीजी के निर्देश पर मामले की जांच शुरू कर दी है। जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।' -ओम प्रकाश मेहरा, आयुक्त, नगर निगम कोटा

Updated on:
12 Sep 2026, 7:55 PM IST
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