
Rajasthan Roadways Orders : राजस्थान रोडवेज की बसों को चालक-परिचालक मनचाहे ढाबों पर रोक देते हैं। अब ऐसे चालक-परिचालकों के खिलाफ परिवहन निगम कार्रवाई करेगा। परिवहन निगम ने लंबी दूरी की बसें जैसे दिल्ली, श्रीगंगानगर, जोधपुर, उदयपुर, अहमदाबाद सहित अन्य मार्ग पर ढाबे अधिकृत कर रखे हैं। यहां चालक-परिचालक के साथ यात्री भी भोजन करते हैं। अनुबंधित ढाबा स्वामी परिवहन निगम को इसकी एवज में शुल्क अदा करते हैं। लगातार मिल रही शिकायतों के बाद रोडवेज मुख्यालय ने मुख्यप्रबंधक को पत्र भेजकर ऐसे बस चालक-परिचालक के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। परिवहन निगम के अधिकृत ढाबों पर ही बस रोकने के निर्देश दिए गए हैं।
परिवहन निगम के अधिकारियों ने बताया कि चालक-परिचालक जिन ढाबों पर बसों को रोकते हैं, वहां पर उनको कमीशन मिलता है। अनुबंधित ढाबे पर निगम की ओर से तय रेट के हिसाब से यात्रियों को भोजन व अन्य खाद्य पदार्थ बेची जाती हैै। यहां उन्हें स्वयं के खाने का भुगतान भी करना पड़ता है।
राजस्थान रोडवेज ने अधिकृत ढाबों पर चालक-परिचालक द्वारा बस को रोका गया है या नहीं, इसकी जांच के लिए टोकन व्यवस्था कर रखी है। ढाबा संचालक टोकन देता है, जिसे परिचालक काे डिपो में जमा करवाना हाेता है। यदि वह ऐसा नहीं करता है तो उसके ऊपर 500 रुपए का जुर्माना लगाया जाता है।
लंबी दूरी पर चलने वाली बसों के ठहराव के लिए रोडवेज ने कुछ ढाबों से अनुबंध किया है। ऐसे में सभी चालक-परिचालकों को उन ढाबों पर बसों को रोकने के लिए पाबंद किया गया है।
अजय कुमार मीणा, चीफ मैनेजर, कोटा डिपो