हाड़ौती अंचल में दिनभर छाए रहे बादल, कुछ स्थानों पर हुई बूंदाबांदी
हाड़ौती अंचल में सोमवार को भारी बारिश का अलर्ट था, लेकिन दिनभर बारिश नहीं हुई। इससे लोगों ने राहत की सांस ली। हालांकि आसमान में बादल छाए रहे। कुछ स्थानों पर बूंदाबांदी होकर रह गई। कोटा शहर में दिन में घने बादल छाए। कुछ जगहों पर रिमझिम बारिश हुई। उसके बाद मौसम साफ हो गया।
शाम ढलने के बाद वापस बादल छाए और फुहारें गिरकर रह गई। अधिकतम तापमान 31.9 व न्यूनतम तापमान 2 डिग्री बढ़कर 25.8 डिग्री सेल्सियस रहा। हवा की रफ्तार 13 किमी प्रति घंटे की रही। बीते 24 घंटे में 0.2 एमएम बारिश दर्ज की गई। कोटा जिले के चेचट में 3, दीगोद में 2, खातौली में 7, लाडपुरा व पीपल्दा में 1-1 एमएम बारिश दर्ज की गई।
बूंदी जिले में सुबह बूंदी शहर में हल्की बारिश हुई। कई जगहों पर बूंदाबांदी हुई। बूंदी शहर व रायथल में बारिश होने से सड़कों पर पानी बह निकला। बाद में सभी जगह बादलों की आवाजाही बनी रही। सुबह आठ बजे तक बूंदी में 10, तालेड़ा में 2, इन्द्रगढ़ में 2, नैनवां में 2, हिण्डोली में 2, रायथल में 12 एमएम बारिश दर्ज की गई। वहीं गुढ़ा बांध के दो गेटों से पानी की निकासी की जा रही है।
बारां शहर समेत जिले के कई क्षेत्रों में कुछ देर बरसात हुई। फिर दोपहर बाद धूप निकल आई। बीते 24 घंटों में सर्वाधिक अटरु क्षेत्र में 15 एमएम बरसात हुई। सोमवार को तापमान में भी दो डिग्री की बढ़ोत्तरी दर्ज की गई। बीते 24 घंटे में बारां में 8, अन्ता में 10, मांगरोल में 4, किशनगंज में 7 एमएम बारिश दर्ज की गई। अधिकतम तापमान 2 डिग्री बढक़र 32 डिग्री पहुंचा गया। न्यूनतम तापमान 27 डिग्री रहा। झालावाड़ जिले में बादल छाए रहे।
जारी रहेगा बारिश का दौर
मौसम विभाग के अनुसार, कोटा संभाग में भारी बारिश का दौर जारी रहेगा। इसे अलर्ट जारी किया गया है।
कोटा यूनिवर्सिटी की आज होने वाली परीक्षाएं भी स्थगित
अतिवृष्टि के कारण कोटा यूनिवर्सिटी की मंगलवार को होने वाली सभी परीक्षाएं स्थगित कर दी गई हैं। परीक्षा नियंत्रक प्रवीण भार्गव की ओर से जारी आदेश में बताया गया कि मंगलवार को आयोजित होने वाली समस्त परीक्षाएं (तीन पारियां) अतिवृष्टि के कारण स्थगित की जाती हैं। शेष परीक्षाएं पूर्व में जारी समय सारणी के अनुसार ही होंगी। स्थगित परीक्षाओं के लिए नवीन तिथि के लिए कोटा विवि की वेबसाइट देखते रहें।
कोटा बैराज के दो गेट खोलकर की जा रही पानी की निकासी
कैचमेंट एरिया में बारिश होने के कारण चंबल नदी के बांधों में पानी की आवक बढ़ गई। कोटा बैराज के दो गेट 5 फीट तक खोले गए, जिनसे लगभग 6245 क्यूसेक पानी की निकासी की जा रही है।