राजस्थान की केशोरायपाटन विधानसभा सीट से कांग्रेस का टिकट दिलाने के नाम पर 10 लाख की हुई ठगी के मामले में पुलिस ने आरोपी को उत्तर प्रदेश से गिरफ्तार किया है।
कोटा। रेलवे कॉलोनी थाना पुलिस ने गुरुवार को कांग्रेस से केशोरायपाटन विधानसभा सीट का टिकट दिलाने के नाम पर 10 लाख रुपए की ठगी मामले का खुलासा किया। कांग्रेस सेवादल के कार्यकर्ता बृजमोहन महावर की शिकायत पर कोर्ट के आदेश पर 06 मई 2024 को रेलवे कॉलोनी थाने में एफआइआर दर्ज की गई थी।
दो साल पुराने इस मामले में आरोपी विजय श्रीवास्तव को उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर जिले से पकड़ कर कोटा लाया गया। आरोपी ने खुद को फिल्म सेंसर बोर्ड का सदस्य बताते हुए दावा किया कि उसके कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं से करीबी संबंध हैं। इसी भरोसे पर आरोपी ने केशोरायपाटन विधानसभा सीट से कांग्रेस का टिकट दिलाने का झांसा दिया था।
एफआइआर के अनुसार अक्टूबर 2023 में आरोपी ने पहले हवाई यात्रा के नाम पर 30 हजार रुपए मांगे थे। इस पर फरियादी ने 18 अक्टूबर 2023 को आरोपी के मोबाइल नंबर पर 25 हजार रुपए ऑनलाइन ट्रांसफर किए। इसके बाद आरोपी ने टिकट दिलाने के लिए कुल 10 लाख रुपए की मांग की। 19 और 20 अक्टूबर को परिवादी ने अलग-अलग किस्तों में 4 लाख 25 हजार रुपए आरोपी को भेजे।
21 अक्टूबर 2023 को आरोपी ने शेष रकम लेकर दिल्ली के पहाड़गंज स्थित एक होटल में बुलाया था। वहां आरोपी ने चार अन्य लोगों के सामने 5 लाख रुपए नकद लिए और भरोसा दिलाया कि टिकट पक्का है। आरोपी पर विश्वास कर फरियादी ने 4 नवंबर 2023 को केशोरायपाटन विधानसभा क्षेत्र से नामांकन भी दाखिल कर दिया था।
आरोपी लगातार यह कहता रहा कि 9 नवंबर 2023 को जारी होने वाली कांग्रेस की सूची में फरियादी का नाम आ जाएगा। उसने यह भी दावा किया कि टिकट को लेकर पार्टी के शीर्ष नेताओं से बात हो चुकी है, लेकिन 9 नवंबर को कांग्रेस की सूची जारी होने पर केशोरायपाटन सीट से अन्य उम्मीदवार का नाम घोषित कर दिया गया।
इसके बाद फरियादी ने जब आरोपी से अपनी दी हुई रकम मांगी तो आरोपी टालमटोल करता रहा और नए-नए आश्वासन देता रहा। बाद में उसने मोबाइल कॉल उठाना बंद कर दिया। शिकायत में यह भी आरोप लगाया कि रकम वापस मांगने पर आरोपी ने जान से मारने की धमकी दी।