Kota News: आखिरी बार ओवरफ्लो हुआ था तो उसके सभी दरवाजे खोले गए थे और सात लाख क्यूसेक से भी ज्यादा पानी छोड़ा गया था। उसके बाद पूरे शहर में बाढ़ हा गई थी।
Kota News: राजस्थान में बारिश ने पिछले कई सालों का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। इस बार औसत से पचास फीसदी से भी ज्यादा बारिश अब तक दर्ज कर ली गई है। प्रदेश के अधिकतर बड़े बांध लबालब हो गए हैं और आने वाले सप्ताह में और तेज बारिश होती है तो ये सभी बांध छलकने को तैयार हैं। इन बांधों में एक बांध ऐसा भी है जब वह आखिरी बार ओवरफ्लो हुआ था तो उसके सभी दरवाजे खोले गए थे और सात लाख क्यूसेक से भी ज्यादा पानी छोड़ा गया था। उसके बाद पूरे शहर में बाढ़ आ गई थी। यह बांध है कोटा बैराज, पांच साल पहले इसके पानी से कोटा बहने लगा था। इसकी डाउन स्ट्रीम पर चंबल रिवर फ्रंट बना हुआ है।
कोटा बैराज सागर बांध से राजस्थान के हाडौती क्षेत्र में करीब ढाई लाख हैक्येटर भूमि की सिंचाई की जाती है और इतनी ही भूमि मध्यप्रदेश में है जहां बांध का पानी पहुंचता है और वहां सिंचाई की जाती हैं। बांध के लबालब होने के आसार दिख रहे हैं। विभाग ने बांध का एक गेट करीब सात दिन से खोल रखा है और उससे पानी की लगातार सप्लाई की जा रही है। बांध में कुछ 19 गेट हैं।
कोटा बैराज के पानी से बिजली का उत्पादन भी बड़े स्तर पर किया जाता है। कोटा बैराज के अलावा तीन अन्य बांध हैं जो चंबल नदी पर बने हुए हैं। ये चारों लगभग लबालब रहते हैं। जब भी कोटा बैराज में पानी कम होने लगता है तो अन्य बांधों से कोटा बैराज में पानी छोड़ा जाता है और उसे भरा जाता है। इस बार कोटा संभाग में भी अच्छी बारिश दर्ज की गई है।