कोटा

पहलो फेरो तो भोला बाई जी ने खायो, आई छ् परण की रात…

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Updated: 21 Apr 2024, 1:30 AM IST
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lokotsav dichakda

मंडाना (कोटा). पहलो फेरो तो भोला बाई जी ने खायो, आई छ्परण की रात, म्हारे चाचकबोहरो रे म्हारे मीठोंबोहरो रे सरीखी स्वर लहरियों से यहां रामनवमी पर्व पर श्रीराम जन्मोत्सव समिति एवं ब्रह्मणी माता मंदिर समिति की ओर से आयोजित पांच दिवसीय लोकोत्सव ढीचकडा का समापन बोहरा की विवाह की रंगारंग रस्म के साथ हुआ।

इस दौरान ब्रह्माणी माता समिति एवं लालबाई माता समिति बस स्टैंड की ओर से सवारिया निकाली, जिसमें सबसे आगे टट्टू घोड़ी पर सफेद दाढ़ी मूछ लगाएं बैठा बोहरा शुक्रवार रात नगर भ्रमण कर सभी को न्योता देकर कह रहा था कि कुंवारा परण्या कोई मत चाल जो बाकी सभी म्हारी बारात में चलो रे। दूल्हा बना बोहरा नोटों की गड्डियांलुटाते चल रहा था। बोहरा को अपनी शादी की इतनी खुशी थी कि वह स्वयं भी घोड़ी पर ही खड़ा होकर नाचने लगा। इसके अलावा यहां सरस्वती, नारायण अवतार, राधा- कृष्ण, भोले बाबा, ओगड़ बाबा, प्रदर्शन करने वाले युवाओं सहित करीब डेड दर्जन झांकियां शामिल थी। ब्रह्माणी समिति की ओर से रात 12 बजे बाद हॉट चौक से सवारियां शुरू हुई तथा बाद में बस स्टैंड से शुरू हुई झांकी भी इससे जुड़ी। सवारिया मेन बाजार कलालो के खुट, टोड़ी मोहल्ला होती हुई हताई मोहल्ला पहुंची जहां बोहरा का विवाह हुआ।बोहरा की बारात यहां पहुंचने पर दूल्हे के लिए दुल्हन पसंद करने के दौरान द्विअर्थी संवादों ने हंसा हंसा कर लोटपोट किया। यह कार्यक्रम करीब एक घंटा चला। बाद में ढीचकडा के समापन की रस्म अदा की गई। समिति अध्यक्ष दिलीप यादव, उपाध्यक्ष पवन श्रृंगी, कोषाध्यक्ष शिवराज सिंह ने आभार व्यक्त किया।

उमडे़ ग्रामीण

यहां सवारियां देखने के लिए कस्बे सहित आसपास गांव से लोगों का रात 8 बजे से ही आना शुरू हो गया। जो सवारी मार्ग की छतों एवं घरों के आगे चबूतरों पर बड़ी संख्या में ग्रामीण जमा हो गए। युवाओं की टोलियां ने कई स्वांग बनकर दर्शकों का मनोरंजन किया। सवारियों के बीच कलाकारों कई हैरत अंगेज करतब दिखाए।

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21 Apr 2024, 1:30 AM IST
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