कोटा

हाड़ौती के 12 माननीय आखिर क्यों नहीं करते सरकार से सवाल-जवाब?

- बारां के एक भी विधायक नहीं पूछे प्रश्न विधानसभा का पहला सत्र - सबसे ज्यादा सवाल पूछेंगे नागर
2 min read
Jan 23, 2019
kota news
cartoon, Why do not the 12 Hon'ble Hartawati Government questions and answers?

कोटा। 15 वीं विधानसभा का पहला सत्र शुरू हो गया है। 21 जनवरी से सदन में प्रश्नकाल भी शुरू हो गया है। पहले सत्र में संभाग के 17 में से 12 विधायक सदन में सरकार से सवाल-जवाब नहीं करेंगे।

केवल पांच ही विधायकों ने प्रश्न लगाए हैं। पहले सत्र में सवाल लगाने में खानपुर विधायक नरेन्द्र नागर अव्वल रहे हैं। सर्वाधिक 30 प्रश्न नागर के सूचीबद्ध हुए हैं।

सवाल लगाने के मामले में केशवरायपाटन विधायक चन्द्रकांता मेघवाल दूसरे पायदान पर है।

विधानसभा की वेबसाइट पर 199 विधायकों के प्रश्नों की सूची अपलोड की गई है। पहले सत्र में 761 प्रश्न सूचीबद्ध हुए हैं। इसमें संभाग के पांच विधायकों के 85 सवाल सूचीबद्ध हुए हैं। अन्य विधायकों ने पहले सत्र में कोई प्रश्न नहीं लगाया है। हाड़ौती में 17 विधायकों में 11 कांग्रेस के तथा 6 भाजपा के हैं।

कोटा

कोटा जिले में छह विधायकों में भाजपा अैर कांग्रेस के तीन-तीन विधायक है। कोटा उत्तर के विधायक शांति धारीवाल सरकार का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। सामान्य तौर पर मंत्री विधानसभा में सवाल नहीं लगाते हैं। पीपल्दा के विधायक रामनारायण मीणा के पहले सत्र में 19 सवाल सूचीबद्ध हुए हैं। मीणा विधानसभा में उपाध्यक्ष रहे चुके है। मीणा के ज्यादातर सवाल कोटा और बूंदी जिले से संबंधित है। सांगोद विधायक व पूर्व मंत्री भरतसिंह पिछले शासन में सर्वश्रेष्ठ विधायक रह चुके हैं, लेकिन उन्होंने भी इस सत्र में कोई प्रश्न नहीं लगाया है। रामगंजमंडी विधायक मदन दिलावर और कोटा दक्षिण के विधायक संदीप शर्मा अनुभवी होने के बावजूद सवाल लगाने से चूक गए हैं। लाडपुरा विधायक कल्पना देवी पहली बार विधायक निर्वाचित हुए हैं। वे अभी विधानसभा के नियम-प्रक्रिया समझ रही है।

बूंदी

बूंदी जिले में दो विधायक भाजपा के तथा एक विधायक कांग्रेस से है। कांग्रेस विधायक अशोक चांदना मंत्री है। बूंदी विधायक अशोक डोगरा तीसरी बार निर्वाचित हुए हैं, लेकिन पहले सत्र में उन्होंने कोई सवाल नहीं लगाया है। रामगंजमंडी से दो बार विधायक रहकर तीसरी बार केशवरायपाटन से विधायक निर्वाचित हुए चन्द्रकांता मेघवाल ने 23 प्रश्न लगाए हैं। 14 वीं विधानसभा में मेघवाल सवाल लगाने में दूसरे पायदान पर रही थी। मेघवाल के ज्यादातर से सवाल कोटा जिले से संबंधित है।

बारां

चार जिले में तीन विधायक कांग्रेस के तथा एक विधायक भाजपा के हैं। अंता विधायक प्रमोद जैन भाया मंत्री है। छबड़ा विधायक प्रतापसिंह सिंघवी ने कोई सवाल नहीं लगाया है। सिंघवी पिछली विधानसभा में भी प्रश्न पूछने में नीचले पायदान पर थे। बारां और किशनगंज विधायक ने भी कोई प्रश्न नहीं लगाया है। जबकि दोनों ही पूर्व में विधायक रह चुके हैं।

झालावाड़

झालावाड़ में चारों विधायक भाजपा के हैं। पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे झालरापाटन से विधायक है। राजे का पहले सत्र में कोई सवाल सूचीबद्ध नहीं है।

खानपुर विधायक व पूर्व संसदीय सचिव नरेन्द्र नागर ने 30 प्रश्न लगाए हैं। पहली बार निर्वाचित हुए मनोहरथाना विधायक गोविंद प्रसाद रानीपुरिया के सात तथा डग विधायक कालूराम के छह प्रश्न सूचीबद्ध हुए हैं।

पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे, मनोहरथाना विधायक गोविंद रानीपुरिया और डग विधायक कालूराम ने भी पहले सत्र में कोई प्रश्न नहीं लगाया है।

Updated on:
23 Jan 2019 05:25 pm
Published on:
23 Jan 2019 04:39 pm