अगला मैच पाकिस्तान, अफगानिस्तान और श्रीलंका के साथ प्रस्तावित है। पाकिस्तान से मुकाबला इस्लामाबाद में होना है।
लखीमपुर खीरी. सरकार द्वारा खेल को बढ़ावा दिए जाने वाले वादे झूठे साबित हो रहे हैं। इसका जीता जाता उदाहरण देखने को मिला है लखीमपुर में। जिसने विदेश की धरती पर तिरंगा लहराया। उसे अपनी ही धरती पर नकार दिया गया। यहीं नहीं ढाका पर फतह कर लौटी पैरा क्रिकेट टीम इंडिया को ना तो कोई रिसीव करने पहुंचा और ना ही किसी ने टीम का हाल पूछा। इतना ही नहीं, इंसानियनत तो तब मर गई जब यूपी टीम के कप्तान विक्रम नाग को लखनऊ के अस्पताल में इलाज तक नहीं मिला। जिसके कारण उनको प्राइवेट अस्पताल में अपना इलाज कराना पड़ा।
बाग्लादेश पर हासिल की फतह, सरकार से नहीं आई कोई बधाई-
इस मामले के बारे में खुद यूपी पैरा क्रिकेट टीम के कप्तान विक्रम नागा ने बड़े ही दुख के साथ बताया। यूपी टीम द्वारा ढाका में बांग्लादेश को हरा कर लौटी पैरा क्रिकेट टीम के सदस्य और यूपी टीम के कप्तान विक्रम नगर ब्रस्पतिवार को लखीमपुर लौटे। धौरहरा कस्बे के निवासी विक्रम नागा दिव्यांग टीम इंडिया क्रिकेट टीम के सदस्य हैं। हाल ही में 22 अप्रैल को ढाका में उनकी टीम बांग्लादेश को हरा कर भारत लौटी है। विक्रम ने बताया कि इस टीम में यूपी के सात खिलाड़ी है। जब उनकी टीम लौट कर आई। तो किसी अफसर ने उनको रिसीव तक नहीं किया। यहां तक कि कई दिनों तक लखनऊ में रहने के बाद भी उनके पास बधाई देने के लिए सरकार की तरफ से किसी की कॉल तक नहीं आई।
अस्पताल में डॉक्टरों ने उन्हें किया अनदेखा-
विक्रम ने बताया कि लखनऊ लौटने के दौरान उनकी तबियत बिगड़ गई। वह सिविल अस्पताल में अल्ट्रासाउंड कराने पहुंचे तो डॉक्टर ने उनको देखकर भी अनदेखा कर दिया। मजबूरी में प्राइवेट अस्पताल में इलाज करना पड़ा। यही नहीं, अभी तक उनके दिव्यांग पेंशन तक को मंजूरी नहीं मिली है। कई बार वह लखीमपुर के विकास भवन के चक्कर काट चुके हैं। अफसर उनसे बात तक नहीं करते। विक्रम को इस बात का मलाल है कि खेल और दिव्यांगों को आगे बढ़ाने का दावा करने वाले अंतर्राष्ट्रीय खिलाड़ी के साथ भी ऐसा बर्ताव करते हैं। तो आम लोगों का क्या होता होगा।
उपेक्षा के बाद भी हौसला, अब हराएंगे पाकिस्तान को -
बांग्लादेश को हरा कर वापस आई पैरा क्रिकेट टीम अब पाकिस्तान को उन्हीं की धरती पर धूल चटाने की फिराक में है। विक्रम ने बताया कि अगला मैच पाकिस्तान, अफगानिस्तान और श्रीलंका के साथ प्रस्तावित है। पाकिस्तान से मुकाबला इस्लामाबाद में होना है। विक्रम की तमन्ना है कि इस्लामाबाद की धरती पर तिरंगा लहराए। बता दें कि धौरहरा थाने के चौकीदार के बेटे विक्रम ने लखनऊ में क्रिकेट में अपनी पहचान बनाई है। और टीम इंडिया में चयनित हुए हैं। अपने अंतर्राष्ट्रीय दौरे से लौटे विक्रम कुछ दिन धौरहरा में ही रहेंगे।