कोरोना बायरस के संक्रमण से फैलने वाली महामारी से सूबे के लोगों की चिंता लगातार बनी हुई है कि उस पर अब टिड्डी दल के आने के संकेत से सूबे के किसानों के साथ-साथ जनपद वासी गहरी चिंता में पड़ गए हैं
ललितपुर. कोरोना बायरस के संक्रमण से फैलने वाली महामारी से सूबे के लोगों की चिंता लगातार बनी हुई है कि उस पर अब टिड्डी दल के आने के संकेत से सूबे के किसानों के साथ-साथ जनपद वासी गहरी चिंता में पड़ गए हैं। अब जनपद वासियों पर दोहरी मार पड़ रही है। जिसमें पहली मार कोरोना वायरस और दूसरी टिड्डी दल के हमले की मार। पहली बीमारी लाइलाज है और दूसरी बीमारी आफत बनकर टूटी है। कोरोना के बाद अब टिड्डी दल ने लोगों की चिंताओं को बड़ा दिया है। पूरे भारत में तबाही मचाने के बाद अब टिड्डी दल जनपद की सीमा में प्रवेश कर गया है। बताया गया है कि टिड्डी दल को तालबेहट विकासखंड के ग्राम कंधारी कलां के समीप मंगलवार की शाम को ग्रामीणों ने आसमान में उड़ते हुए देखा तो सकते में आ गए। इलाके में असंख्यात की तादाद में टिड्डी दल को देखा गया। कन्धारी कला निवासी जयकुमार जैन ने दूरभाष के माध्यम से बताया की आज शाम कन्धरी कला क्षेत्र के समीप के कई झुन्डो मे टिड्डी दल को उड़ते हुए देखा गया लेकिन अभी तक किसानों की फसलो को कोई नुकसान नहीं हुआ है।
गौरतलब है कि उक्त टिड्डी दल पाकिस्तान के आसपास के इलाके से भारत में प्रवेश किया और अभी बुंदेलखंड में अपनी उपस्थिति दर्ज करा चुका है। टिड्डी दल के आने से सूबे का किसान काफी चिंतित नजर आ रहा है हालांकि इससे निपटने के लिए स्थानीय प्रशासन के संबंधित विभाग ने एक प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से लोगों को हिदायत दी है कि वह इससे डरे नहीं बल्कि होशियार होकर ढोल नगाड़े आदि बजाकर उसको भगाने की कोशिश करें क्योंकि टिड्डी दल आवाज सुनकर जमीन पर नहीं आता वह दूसरी तरफ मुड़ जाता है।