Yes Bank की ओर से ADAG Haed Office पर कब्जे के लिए भेजा अनिल अंबानी को नोटिस ADAG पर Yes Bank का करीब 12000 करोड़ रुपए का है कर्ज, पहले दो महीने का दिया था नोटिस
नई दिल्ली। यस बैंक ( Yes Bank ) ने अपने सबसे बड़े कस्टमर में से एक रहे अनिल अंबानी ( Anil Ambani ) पर बड़ी कार्रवाई की है। अब यस बैंक प्रबंधन अनिल धीरूभाई अंबानी ग्रुप ( Anil Dhirubhai Ambani Group ) के हेडक्वार्टर पर कब्जा करने का नोटिस भेज दिया है। वहीं बैंक ने कंपनी के दो और दफ्तरों के लिए भी यही नोटिस जारी किया है। इससे पहले बैंक की ओर से करीब 2900 करोड़ रुपए का बकाया लोन चुकाने का नोटिस जारी किया था। रुपया ना मिलने पर यह कार्रवाई की है। वैसे अनिल अंबानी पर बैंक का 12 हजार रुपए का कर्ज है।
आरआईएल इंफ्रा पर है मोटा कर्ज
यस बैंक द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार अनिल अंबानी की रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर को 2892 करोड़ रुपए का कर्ज दिया था। जिसकी रिकवरी के लिए यह प्रोसेस फॉलो किया जा रहा है। बैंक ने रिलायंस के नागिन महल स्थित ऑफिस के दो फ्लोर को अपने कब्जे में ले लिए हैं। बैंक को इस तरह के अधिकार मिले हुए हैं कि वो डिफॉल्टर के असेट को अपने कब्जे में लेकर उसकी बिक्री करे और अपने कर्ज की रकम को पूरा करे।
बैंक की ओर से जारी किया था नोटिस
यस बैंक संकट के बारे में हर किसी को पता है और उस बैड लोन का भी बोझ है। ऐसे में उसे रुपए की जरुरत है। इसी जरुरत को पूरा करने के लिए रिकवरी में तेजी दिखा रहा है। एडीएजी पर बैंक का करीब 12 हजार करोड़ रुपए बकाया है। बैंक की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार उन्होंने कंपनी को दो महीने पहले नोटिस जारी किया था। जिसकी सीमा 5 मई को खत्म हो चुकी थी। कंपनी के रीपेमेंट फेल्योर होने के कारण बैंक ने एसएआरएफएईएसआई एक्स 2002 के तहत कार्रवाई की है।
एसबीआई की भी है नजर
वहीं दूसरी ओर एसबीआई की भी नजरें अनिल अंबानी की प्रॉपर्टी पर है। विदेशी बैंकों का कर्ज लौटाने के लिए लंदन की कोर्ट पहले ही अनिल अंबानी को कह चुकी है। ऐसे में यस बैंक की कार्रवाई अनिल अंबानी के लिए काफी मुश्किलें बढ़ाने वाली हैं। इससे पहले एस्सेल ग्रुप के मामले में उनके जेल जाने तक की नौबत आ गई थी। सुुप्रीम कोर्ट के आदेश के तहत उन्हें 550 करोड़ रुपए चुकाने थे। तब बड़े भाई मुकेश अंबानी ने आगे आकर मौके पर उनकी मदद की थी।