चौथी औद्योगिक क्रांति की दस्तक के साथ ही कई सालों से कयास लगाए जा रहे हैं कि जल्द ही ऑटोमेशन के चलते रोबोट्स इंसानों की जगह ले लेंगे
दुनिया के सबसे बड़े खुदरा विक्रेताओं में शुमार वॉलमार्ट (wallmart) ने अपने बड़े स्टोर में रुटीन कामों के लिए इंसानों की जगह रोबोटस को तैनात किया है। यानी अब इन कम्प्यूटरी कर्मचारियों ने इंसानों को आउटसोर्स कर दिया है। लेकिन कुछ सबसे बुनियादी स्तरों पर, मानव अब भी भी मशीनों से बेहतर विकल्प है। इस बात का अहसास हाल ही वॉलमार्ट को भी हो गया। वॉल स्ट्रीट जर्नल (wall street journal) की एक रिपोर्ट के अनुसार, इस रिटेल दिग्गज ने हाल ही में सैन फ्रांसिस्को स्थित बोसा नोवा रोबोटिक्स फर्म के साथ एक अनुबंध किया था। यह फर्म छह फीट ऊंचे रोबोट बनाती है, जो वॉलमार्ट स्टोर के गलियारों में घूमते हैं ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि प्रत्येक शेल्फ में पर्याप्त सामान (इन्वेंट्री) है। इस रोबोटिक्स फर्म के साथ कंपनी का पांच साल तक अनुबंध रहा। कॉन्ट्रैक्ट रद्द होने की अवधि तक, इन इन्वेंट्री-स्कैनिंग रोबोट्स का वॉलमार्ट ने देशभर में बने 4,576 में से 500 स्टोर पर इस्तेमाल किया गया था। कोरोना महामारी (corona pandemic) के चलते व्यवसाय में आईं मंदी के बाद वॉलमार्ट ने साझेदारी को समाप्त करने का फैसला किया। क्योंकि कंपनी ने रोबोट्स की तुलना में मानव कर्मचारियों को अधिक सरल और लागत प्रभावी समाधान पाया।
बोसा नोवा के रोबोटस के पास हाथ नहीं हैं जिनकी मदद से वे चीजों को इधर-उधर कर सकते हैं। हालांकि, वे यह देखने के लिए इन्वेंट्री स्कैन कर सकते हैं कि कौन से उत्पाद स्टॉक से बाहर हैं। लेकिन महामारी के दौर में स्टोर में आने वाले लोगों की प्रतिक्रिया, मल्टीटास्किंग और आमने-सामने के व्यवहार में लोगों से वार्ता करने जैसे सामान्य कामों में इंसान रोबोट्स से बहुत आगे हैं। वॉलमार्ट के एक प्रवक्ता ने कहा कि वे नई तकनीकों का परीक्षण करना जारी रखेंगे और अपनी इन्वेंट्री को बेहतर ढंग से ट्रैक करने के लिए अब ऐप्स में निवेश करेंगे।