
School Theek Karo Abhiyan: आम आदमी पार्टी ने उत्तर प्रदेश के बदहाल सरकारी स्कूलों को लेकर राज्य सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। पार्टी के प्रदेश प्रभारी और राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने मंगलवार को लखनऊ में एक प्रेसवार्ता कर ऐलान किया कि आप कार्यकर्ता अगले 1 महीने तक प्रदेश भर के जर्जर स्कूलों को लेकर बड़ा शिकायत अभियान चलाएंगे। इस दौरान स्कूलों की बदहाली को लेकर संबंधित अधिकारियों के पास लिखित शिकायतें दर्ज कराई जाएंगी और सुधार न होने पर अधिकारियों के खिलाफ FIR भी कराई जाएगी।
संजय सिंह ने यूपी की बेसिक शिक्षा व्यवस्था और स्कूलों के मर्जर के मुद्दे पर प्रदेश सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि सरकार की नीतियां ऐसी हैं जैसे जबरा मारे और रोने भी न दे। आप सांसद ने आरोप लगाया कि जब स्कूलों के मर्जर का विरोध हुआ तो सरकार ने विधानसभा में दावा किया था कि कोई स्कूल बंद या मर्ज नहीं किया जाएगा। लेकिन जब आम आदमी पार्टी के 'स्कूल ठीक करो अभियान' के तहत जर्जर स्कूलों की तस्वीरें सामने आईं तो प्रशासन उन्हें मर्ज किए गए स्कूल बताने लगा।
राज्यसभा सांसद ने दावा किया कि उनकी पार्टी के अभियान के दबाव में ही अब सरकार ने बेसिक स्कूलों के कायाकल्प के लिए 604 करोड़ रुपये खर्च करने की घोषणा की है। संजय सिंह ने सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि समग्र शिक्षा अभियान के तहत मिले लगभग 9 हजार करोड़ रुपये प्रदेश सरकार ने बिना खर्च किए ही वापस भेज दिए हैं। इसके साथ ही उन्होंने शिक्षा के 62 हजार करोड़ रुपये के कुल बजट में से करीब 30 हजार करोड़ रुपये वापस भेजे जाने का भी आरोप लगाया।
संजय सिंह ने बताया कि प्रदेश में स्कूलों की बदहाली मिड-डे मील में भ्रष्टाचार और शिक्षा फंड खर्च न करने जैसे गंभीर मामलों में संसद की याचिका समिति से जांच की मांग की गई है। उन्होंने ऐलान किया कि अगले एक महीने तक पार्टी कार्यकर्ता सभी जिलों के जर्जर स्कूलों, खराब टॉयलेट और मिड-डे मील की समस्याओं की लिखित शिकायत BSA शिक्षा निदेशक और मुख्यमंत्री कार्यालय को देंगे। अगर इसके बाद भी सुधार कार्य शुरू नहीं हुए तो जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ FIR दर्ज कराकर कानूनी लड़ाई लड़ी जाएगी।