बॉयोमीट्रिक सत्यापन के द्वारा उपस्थिति की व्यवस्था के लिए तैयारी पूरी कर ली गई हैं। इसके लिए एक पोर्टल तैयार किया गया है। इस पोर्टल द्वारा बॉयोमीट्रिक उपस्थिति दर्ज कराने का ट्रायल 25 जून को किया जाएगा।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) ने सरकारी स्कूलों को अब क्वालिटी एजुकेशन देने की व्यवस्था पर जोर दिया है। साथ ही इस संबंध में शिक्षा विभाग को बड़ा आदेश जारी किया है। जिसके अंतर्गत यूपी के सभी सरकारी माध्यमिक विद्यालयों (Secondary Schools) के शिक्षकों को बॉयोमीट्रिक सत्यापन (Biometric Verification) द्वारा अपनी उपस्थिति दर्ज करानी होगी। यानी अब शिक्षकों की अटेंडेंस बायोमेट्रिक के माध्यम से होगी। रजिस्टर में हस्ताक्षर करने की व्यवस्था खत्म होगी। बता दें ये नई व्यवस्था एक जुलाई से लागू कर दी जाएगी।
सौ दिनों की योजना तैयार
बता दें, बॉयोमीट्रिक सत्यापन के द्वारा उपस्थिति की व्यवस्था के लिए तैयारी पूरी कर ली गई हैं। इसके लिए एक पोर्टल तैयार किया गया है। इस पोर्टल द्वारा बॉयोमीट्रिक उपस्थिति दर्ज कराने का ट्रायल 25 जून को किया जाएगा। पोर्टल द्वारा तैयार बॉयोमीट्रिक सिस्टम उंगलियों के निशान, आइरिस पैटर्न और अन्य पहचान से काम करेगा। यूपी में माध्यमिक शिक्षा विभाग ने पहले सौ दिनों की योजना तैयार कर ली है। विभाग ने इसके लिए 20 लक्ष्य निर्धारित किए हैं, जिनका समय तय कर लिया गया है। हर लक्ष्य के सुचारू संचालन और प्रत्येक लक्ष्य को समय पर पूरा करने के लिए समितियों का गठन किया गया है।
सरकारी कॉलेजों में होगी होगी वाईफाई की सुविधा
गौरतलब है कि इन लक्ष्यों के साथ ही सभी प्रमुख कार्रयों में नियुक्तियों को लिए विभाग ने निर्णय लिया है। निर्णय के मुताबिक, सभी नियुक्तियां यूपी माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड विभाग 15 जून तक कर देगा। वहीं खबरों के अनुसार राज्य के सभी सरकारी कॉलेजों में 15 जून तक वाईफाई की सुविधा दी जाएगी। साथ ही 20 जून तक राज्य के 33,700 स्कूलों की वेबसाइट होगी। जिसपर राज्य के 1.27 करोड़ विद्यार्थियों का ईमेल समेत डाटा होगा।