
लखनऊ. अयोध्या के मौजूदा हालातों पर बसपा सुप्रीमो मायावती ने भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला है। शनिवार को प्रेसवार्ता करते हुए मायावती ने कहा कि नाकामियों को छिपाने के लिए भाजपा ने राम मंदिर का मुद्दा उठाया है। उन्होंने कहा कि अयोध्या में शिवसैनिकों और विश्व हिंदू परिषद के लोगों का जमावड़ा भी बीजेपी के षड़यंत्र का एक हिस्सा है।
मायावती ने कहा कि केंद्र की भाजपा सरकार का कार्यकाल लगभग पूरा हो चुका है। कुछ महीनों बाद लोकसभा चुनाव आयोजित किये जाने हैं, लेकिन भाजपा के पास उपलब्धियों के नाम पर कुछ नहीं है। ऐसे में बीजेपी राम मंदिर का मुद्दा उठाकर अपनी नाकामियों को छिपाने की कोशिश कर रही है। बसपा सुप्रीमो ने कहा कि अगर बीजेपी के इरादे नेक होते तो उन्हें इस काम के लिए पांच वर्ष तक तक इंतजार करने की जरूरत नहीं थी। यह उनकी राजनीतिक रणनीति है और कुछ नहीं।
2019 में बीजेपी की नहीं होगी वापसी
मायावती ने कहा कि बीजेपी सरकार 2014 के चुनाव प्रचार में किये गये अपने आधे वादे भी पूरे नहीं कर पाई है। बीजेपी खासतौर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पास जनता को बताने के लिए अब कुछ भी नहीं है। बीजेपी के साथ ही नरेंद्र मोदी को भी इस बात की जानकारी है कि 2019 में उनकी सत्ता में वापसी नहीं होने वाली है। इसीलिए चुनाव से ठीक पहले यह लोग राम मंदिर का मुद्दा लेकर आये हैं।