
Cockroach Janata Party: केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) अब अपने आंदोलन को दिल्ली से आगे बढ़ाने की तैयारी में है। CJP पार्टी ने उत्तर प्रदेश का रुख करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को खुली चुनौती दी है। CJP के प्रवक्ता आशुतोष रांका ने मंच से कहा कि यदि यूपी में पेपर लीक और भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ियां नहीं रुकीं, तो पार्टी लखनऊ में भी इसी प्रकार से बड़े स्तर पर आंदोलन करेगी।
कॉकरोच जनता पार्टी के प्रवक्ता आशुतोष रांका ने मंच से उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का नाम लेते हुए कहा कि अब यूपी में भी आंदोलन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि पार्टी युवाओं के मुद्दों को लेकर पीछे हटने वाली नहीं है और जरूरत पड़ी तो हजारों लोग लखनऊ पहुंचेंगे। रांका ने कहा कि अगर CM योगी यह वीडियो देख रहे हैं तो उन्हें चिंता करने की जरूरत है। मुख्यमंत्री योगी थोड़े पेपर लीक रोक लीजिए अपने प्रदेश में, नहीं तो जितने लोग जंतर-मंतर पर हैं, उससे भी अधिक लोग उत्तर प्रदेश में आएंगे और आंदोलन करेंगे।
कॉकरोच जनता पार्टी खुद को उन युवाओं की आवाज बताती है जो पेपर लीक, भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ी और रोजगार के मुद्दों से परेशान हैं। CJP पार्टी का कहना है कि अगर परीक्षाएं निष्पक्ष नहीं होंगी तो युवाओं का भविष्य लगातार प्रभावित होता रहेगा। दिल्ली में चल रहे आंदोलन के दौरान भी पार्टी ने इन्हीं मुद्दों को प्रमुखता से उठाया था। CJP पार्टी के प्रवक्ता ने कहा कि उत्तर प्रदेश में भी ऐसे मामलों को लेकर CJP पार्टी जनता के बीच जाएगी।
जंतर-मंतर पर आंदोलन के बाद पार्टी ने उत्तर प्रदेश में अपनी गतिविधियां बढ़ाने का फैसला किया है। संगठन का कहना है कि वह राज्य में बड़े पैमाने पर प्रदर्शन करेगा और युवाओं को जोड़ने का अभियान भी चलाएगा। इस ऐलान के बाद राज्य में पेपर लीक और भर्ती परीक्षाओं का मुद्दा फिर चर्चा में आ सकता है। पार्टी की मौजूदगी फिलहाल सोशल मीडिया पर अधिक दिखाई देती है। इसके अलावा शहरी इलाकों में भी संगठन अपनी पकड़ मजबूत करने की कोशिश कर रहा है। CJP लखनऊ, नोएडा, गाजियाबाद, कानपुर और प्रयागराज जैसे शहरों में अपनी गतिविधियां तेज कर सकती है।
दिल्ली में आंदोलन के दौरान कॉकरोच जनता पार्टी को समाजवादी पार्टी और कांग्रेस का समर्थन मिला था। अब पार्टी को उम्मीद है कि उत्तर प्रदेश में भी विपक्ष उसके मुद्दों का समर्थन करेगा। हालांकि इस पर अभी किसी बड़े विपक्षी दल की ओर से आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। फिलहाल CJP के इस ऐलान ने यह साफ कर दिया है कि दिल्ली के बाद अब उसकी नजर उत्तर प्रदेश पर है।