उत्तर प्रदेश सरकार ने संपत्ति रजिस्ट्री के नियम में बड़ा बदलाव करते हुए अब घर की रजिस्ट्री महज 6000 रुपये में कराने की घोषणा की है। शुरुआती दौर में इस योजना को छह महीने के लिए लागू किया जा रहा है। अगर परिणाम अच्छे रहे तो इसे आगे भी बढ़ाया जा सकता है।
योगी आदित्यनाथ सरकार ने संपत्ति रजिस्ट्री के मामले में बड़ी राहत दी है, जिसके तहत अब घर की रजिस्ट्री महज 6000 रुपये में करा सकेंगे। योगी कैबिनेट ने स्टाम्प और रजिस्ट्रेशन विभाग के महत्वपूर्ण प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान कर दी है। शुरुआती दौर में इस योजना को छह महीने के लिए लागू किया जा रहा है। इसके तहत अपनों के नाम संपत्ति करने के लिए गिफ्ट डीड में 5000 रुपये के स्टाम्प पर रजिस्ट्री की सुविधा मिलेगी। इसके साथ ही 1000 रुपये की प्रोसेसिंग फीस भी लगेगी।
दरअसल, इस तरह की सुविधा का लाभ अभी मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र और कर्नाटक समेत कई राज्यों के लोग उठा रहे हैं। इन राज्यों में पारिवारिक सदस्यों के बीच अचल संपत्तियों को गिफ्ट डीड पर स्टाम्प शुल्क में छूट मिलती है। भारतीय स्टांप अधिनियम के प्रावधानों के तहत किसी भी राज्य की सरकार इस तरह की छूट दे सकती है। इसी आधार पर उत्तर प्रदेश सरकार ने भी लोगों को ये सुविधा देने का निर्णय लिया है। बता दें कि योगी सरकार को इस योजना के लागू करने से लगभग 200 करोड़ रुपये सालाना नुकसान हो सकता है।
सर्किल रेट से मिलेगी मुक्ति
ज्ञात हो कि फिलहाल सभी प्रकार की रजिस्ट्री पर सर्किल रेट के तहत स्टाम्प शुल्क वसूला जाता है। इस कारण परिवार के सदस्य जरूरी होने पर ही संपत्ति की रजिस्ट्री कराते हैं, ताकि वे भारी भरकम स्टाम्प शुल्क से बच सकें। लोग परिवार के स्वामी सदस्यों के पक्ष में वसीयत लिख देते हैं और संपत्ति स्वामी की मृत्यु पर कई बार विवाद उत्पन्न हो जाता है। सरकार के इस फैसले से जहां विवाद कम होंगे, वहीं रजिस्ट्री कराने पर पैसे की भी बचत होगी।
इन लोगों को मिलेगा लाभ
गिफ्ट डीड के नियम से परिवार सदस्यों जैसे माता-पिता, पति-पत्नी, पुत्र-पुत्री, पुत्रवधू, दामाद, सगे भाई-बहन, पुत्र-पुत्री के बच्चे बेटा-बेटी का लाभ मिलेगा। इसका लाभ लोग स्टाम्प और रजिस्ट्रेशन विभाग की तरफ से अधिसूचना जारी होते मिलना शुरू हो जाएगा। शुरुआती दौर में यह योजना छह माह के लिए होगी। इसके बाद इसे आगे भी बढ़ाया जा सकता है।