CM Yogi: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने व्यस्त शासकीय कार्यक्रमों के बीच ‘जनता दर्शन’ कर नागरिकों की समस्याएं सुनीं। हापुड़ से आए सैनिक की जमीन कब्जे की शिकायत पर तुरंत जांच के निर्देश दिए। इलाज सहायता मांगने वालों को आश्वासन दिया और बच्चों को मन लगाकर पढ़ाई व मोबाइल से दूर रहने की सीख दी।
CM Yogi Meets Citizens at Janata Darshan: प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को एक बार फिर यह संदेश दिया कि सरकार जनता की समस्याओं के समाधान के लिए तत्पर है। शासकीय दायित्वों की व्यस्तताओं के बावजूद उन्होंने ‘जनता दर्शन’ कार्यक्रम आयोजित कर दूर-दराज से आए नागरिकों से सीधे मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने न केवल लोगों की शिकायतें सुनीं, बल्कि संबंधित अधिकारियों को मौके पर ही जांच और निस्तारण के निर्देश भी दिए। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि “सरकार प्रदेश के 25 करोड़ नागरिकों की सेवा और सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है” और किसी भी प्रकार की अनदेखी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
‘जनता दर्शन’ कार्यक्रम मुख्यमंत्री और आमजन के बीच सीधा संवाद स्थापित करने का एक प्रभावी माध्यम बन चुका है। इसमें प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए लोग अपनी समस्याएं सीधे मुख्यमंत्री के सामने रखते हैं। सोमवार को आयोजित कार्यक्रम में राजस्व, पुलिस, स्वास्थ्य, बिजली, नगर निकाय, शिक्षा और सामाजिक सुरक्षा से जुड़े कई मामले सामने आए। मुख्यमंत्री ने हर प्रार्थना पत्र को गंभीरता से लेते हुए संबंधित विभागों के अधिकारियों को समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
कार्यक्रम के दौरान हापुड़ जिले से आए दो सैनिकों ने मुख्यमंत्री से अपनी जमीन पर अवैध कब्जे की शिकायत की। एक सैनिक ने बताया कि वह और उनका भाई सेना में तैनात होकर देश की सेवा कर रहे हैं, जबकि उनके नेत्रहीन पिता गांव में रहते हैं। आरोप है कि रिश्तेदारों ने उनकी जमीन पर कब्जा कर लिया है और विरोध करने पर धमकी दी जा रही है। मुख्यमंत्री ने मामले को गंभीरता से लेते हुए हापुड़ प्रशासन को तत्काल जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सैनिकों और उनके परिवारों के सम्मान और सुरक्षा से कोई समझौता नहीं होगा।
जनता दर्शन में कई लोग गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए आर्थिक मदद की गुहार लेकर पहुंचे। मुख्यमंत्री ने उनसे अस्पताल का एस्टिमेट उपलब्ध कराने को कहा और भरोसा दिलाया कि सरकार इलाज में हर संभव सहायता करेगी। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि मरीज के स्वास्थ्य की चिंता आप करें, इलाज की चिंता सरकार की जिम्मेदारी है। इस आश्वासन से जरूरतमंद परिवारों को राहत मिली।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि किसी भी आपराधिक तत्व को बख्शा न जाए। उन्होंने कहा कि कानून-व्यवस्था से जुड़ी शिकायतों का निस्तारण प्राथमिकता पर हो और अपराधियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई जारी रहे।
कार्यक्रम में कुछ अभिभावक अपने बच्चों के साथ भी पहुंचे थे। मुख्यमंत्री ने बच्चों से बातचीत कर उनकी पढ़ाई के बारे में पूछा। उन्होंने बच्चों को मन लगाकर पढ़ाई करने और मोबाइल फोन से दूरी बनाए रखने की सीख दी। स्नेह जताते हुए उन्होंने बच्चों को चॉकलेट भी दी, जिससे माहौल में अपनापन दिखा।
जनता दर्शन में बिजली आपूर्ति, नगर निगम सेवाओं, पेंशन, आवास और राजस्व विवादों से जुड़े कई मामले भी सामने आए। मुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि शिकायतों का समाधान समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से किया जाए। इस कार्यक्रम के माध्यम से सरकार ने एक बार फिर यह संकेत दिया कि जनता की समस्याओं का समाधान प्राथमिकता है। मुख्यमंत्री का कहना था कि सरकार का उद्देश्य केवल योजनाएं बनाना नहीं, बल्कि उनके प्रभावी क्रियान्वयन को सुनिश्चित करना है।