
MP Imran Masood Latest News: कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने कांवड़ यात्रा को लेकर ऑल इंडिया इमाम एसोसिएशन के अध्यक्ष मौलाना साजिद रशीदी की विवादित टिप्पणी पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। मसूद ने रशीदी की आलोचना करते हुए कहा कि उन्हें ‘मौलाना’ कहने का कोई अधिकार नहीं है। उन्होंने रशीदी पर आर्थिक लाभ और टीआरपी के लिए इस तरह के बयान देने का आरोप भी लगाया।
यह विवाद सावन के पवित्र महीने के दौरान सामने आया है, जब देशभर में श्रद्धालु भगवान शिव की आराधना और कांवड़ यात्रा में शामिल हो रहे हैं। रशीदी ने कांवड़ यात्रा में शामिल श्रद्धालुओं को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी की थी, जिसके बाद उनके बयान पर कई स्तरों पर नाराजगी जताई गई।
रशीदी ने आरोप लगाया था कि कांवड़ यात्रा में शामिल कुछ लोग धार्मिक आस्था के कारण नहीं, बल्कि नशे का सेवन करने के बाद यात्रा में शामिल होते हैं और इसके बाद सार्वजनिक स्थानों पर उपद्रव करते हैं।
रशीदी ने कांवड़ यात्रा में शामिल कुछ लोगों के व्यवहार का जिक्र करते हुए सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग सड़कों पर शराब और नशीले पदार्थों का सेवन करते हैं, पुलिसकर्मियों से मारपीट करते हैं और स्कूल वैन को नुकसान पहुंचाते हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कुछ कांवड़िए मरीजों को ले जा रही एंबुलेंस रोकते हैं और लोगों को धार्मिक नारे लगाने के लिए मजबूर करते हैं। इन्हीं आरोपों के आधार पर रशीदी ने ऐसे लोगों को शिव भक्त मानने से इनकार करते हुए उन्हें ‘आतंकवादी’ तक कह दिया।
कांवड़ियों को लेकर की गई टिप्पणी के बाद रशीदी के खिलाफ मुजफ्फरनगर के सिविल लाइंस थाने में मामला दर्ज किया गया है। उनके बयान को लेकर विवाद लगातार बढ़ता गया और कई लोगों ने उनकी टिप्पणी की आलोचना की।
रशीदी के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने उन्हें ‘मौलाना’ कहे जाने पर आपत्ति जताई। मसूद ने आरोप लगाया कि रशीदी टीआरपी के लिए इस तरह की बयानबाजी करते हैं और टीवी चैनलों पर आने के लिए आर्थिक लाभ लेते हैं। मसूद ने कहा कि रशीदी का इस्लाम से कोई लेना-देना नहीं है और वह कथित तौर पर नफरत का एजेंडा आगे बढ़ाने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने रशीदी पर ‘दलाली’ में शामिल होने का भी आरोप लगाया।
इमरान मसूद ने इस दौरान सहारनपुर की सांप्रदायिक सौहार्द की परंपरा का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि सहारनपुर में कांवड़ियों के स्वागत के लिए कांवड़ सेवा शिविर लगाए गए हैं, जहां श्रद्धालुओं का फूल बरसाकर स्वागत किया गया और प्रसाद भी वितरित किया गया। उन्होंने कहा कि सभी त्योहारों को मिलकर मनाना सहारनपुर की संस्कृति और परंपरा का हिस्सा है। मसूद के मुताबिक, हर साल की तरह इस बार भी शहर में कई कांवड़ शिविर लगाए गए हैं और इनमें लोग मिलकर हिस्सा लेते हैं।
इमरान मसूद की प्रतिक्रिया ऐसे समय आई है, जब रशीदी की कांवड़ियों और कांवड़ यात्रा को लेकर की गई टिप्पणी पर विवाद जारी है। रशीदी के बयान की कई पक्षों की ओर से आलोचना की गई है और मुजफ्फरनगर में उनके खिलाफ मामला भी दर्ज हो चुका है।