प्रदेश भर में अब तक कुल 16.77 लाख लोग कोरोना से संक्रमित हो चुके हैं और इसमें से 15.98 लाख लोग स्वस्थ हो चुके हैं।
लखनऊ. उत्तर प्रदेश में कोरोना वायरस (Corona Virus) का संक्रमण अब तेजी के साथ घटने लगा है। बीते 24 घंटे में कोरोना से संक्रमित 3,371 नए रोगी मिले। वहीं 10,540 रोगी ठीक हुए। इस दौरान 196 मरीजों की और लोगों की मौत हो गई है। प्रदेश भर में अब तक कुल 16.77 लाख लोग कोरोना से संक्रमित हो चुके हैं और इसमें से 15.98 लाख लोग स्वस्थ हो चुके हैं। स्वस्थ्य होने वाले मरीजों की तेज रफ्तार के चलते रिकवरी रेट में तेजी से सुधार देखने को मिलने लगा है। अब रिकवरी रेट बढ़कर 95.1 प्रतिशत हो गया है। उधर, पॉजिटिविटी रेट भी अब एक फीसद पर पहुंच गया है। मई माह में कोरोना संक्रमण (Corona Infection) की रफ्तार काफी धीमी हुई है। 30 अप्रैल को प्रदेश में 3.10 लाख सक्रिय केस थे और अब यह घटकर 62,271 रह गए हैं। यानी मई में सक्रिय केस करीब 80 प्रतिशत कम हुए हैं।
दरअसल, शहरी क्षेत्रों के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों में निगरानी कमेटियों के माध्यम से संक्रमित लोगों को चिन्हित करने का काम तेजी से चल रहा है। उधर बीते 24 घंटे में 196 मरीजों की और मौत हुई। अभी तक कुल 19,712 लोगों की जान यह खतरनाक वायरस ले चुका है। कोरोना संक्रमण को काबू करने के लिए उत्तर प्रदेश में जांच का दायरा लगातार बढ़ाया जा रहा है। बुधवार को एक दिन में 3.58 लाख लोगों की कोरोना जांच कर यूपी ने नया रिकार्ड बनाया। अभी बीती 24 मई को एक दिन में 3.1 लाख लोगों का कोरोना टेस्ट किया गया था। फिलहाल अब हर दिन जांच का नया रिकार्ड बन रहा है। देश में अब तक सबसे ज्यादा 4.76 करोड़ लोगों की कोरोना जांच यूपी में ही हुई है।
यूपी में कोरोना जांच पर सबसे ज्यादा फोकस
उत्तर प्रदेश में शुरुआत से ही कोरोना जांच पर सबसे ज्यादा फोकस किया गया। एक दिन में जो 3.58 लाख सैंपल जांचे गए, उनमें 1.48 लाख सैंपल की आरटीपीसीआर जांच की गई। बाकी सैंपल एंटीजन व ट्रूनैट मशीन के माध्यम से जांचे गए। यूपी सचिवालय में कार्यरत करीब पांच हजार कर्मचारियों व अधिकारियों को कोरोना से बचाने के लिए अलग टीकाकरण केंद्र बनाने को मंजूरी दी गई है। सचिवालय की एलोपैथिक डिस्पेंसरी में टीकाकरण केंद्र बनाया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग को जल्द टीकाकरण शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं। सचिवालय संघ के अध्यक्ष यादवेंद्र मिश्रा ने बताया कि सचिवालय संघ ने मार्च से ही इसकी मांग उठाई तो अब आखिरकार सरकार ने राहत दे दी है।