Medicines Price Down: सरकार से आम मरीजों को बड़ी राहत मिली है। हालांकि दवा कम्पनियों को झटका भी लगा। 84 दवा को डीपीसीओ यानी ड्रग प्राइज कंट्रोल आर्डर में लाया गया। इनके दामों में गिरावट हुई।
सरकार ने आम मरीजों को दवा के दाम कम कर बड़ी राहत दी है। अब डायबिटीज, हार्ट, ब्लड प्रेशर, बुखार, बैक्टीरियल-यूरिन संक्रमण, दर्द, थायराइड के साथ एंटीबायोटिक दवा के 40 फीसदी तक दाम गिर गए हैं। नेशनल फार्मास्युटिकल प्राइजिंग अथारिटी ने 84 दवाओं को डीपीसीओ यानी ड्रग प्राइज कंट्रोल आर्डर में लाकर दवा कम्पनियों को झटका दिया है। इन दवाओं के डीपीसीओ में आते ही दवा कम्पनियों ने पुराना स्टाक समेटना शुरू कर दिया है। कुछ कम्पनियों ने नए रेट की दवाएं भी इसी हफ्ते से उतारने की तैयारी की है।
अभी तक मार्च 2022 तक 872 दवाओं को डीपीसीओ की जद में लाया गया था लेकिन 84 और दवाओं को लाकर कई कम्पनियों के एकाधिकार पर भी चोट की है। 15 साल से डायबिटीज रोगियों में सर्वाधिक प्रचलित सॉल्ट सीटाग्लिप्टिन फास्फेट-मेटफार्मिंग दवा एक ही कम्पनी बनाती रही, लेकिन पहली बार इसे डीपीसीओ में लाकर और कम्पनियों के लिए भी निर्मित करने के दरवाजे खोल दिए हैं। इससे मरीजों को सस्ती दवाएं उपलब्ध हो सकेंगीं। एनपीपीए ने इस बार दवाओं के दाम को कंट्रोल करने के लिए पावर (एमजी) यानी अधिकतम और न्यूनतम एमजी के हिसाब से दाम तय किए हैं, ताकि कम्पनियां एमजी में खेल कर अपने हिसाब से दाम तय कर मरीजों को महंगी दवा न बेच सकें।
सरकार ने दिया राहत
फुटकर दवा व्यापार मंडल के चेयरमैन संजय मेहरोत्रा के अनुसार जरूरी दवाओं को डीपीसीओ में लाकर मरीजों को सरकार ने तोहफा दिया है। कई साल से मांग की जा रही थी जिसे अब पूरा किया गया है। हमारी मांग है कि सरकार सारी दवाओं को डीपीसीओ में लाकर भ्रम की स्थिति ही खत्म कर दे।
84 में नमूने के तौर पर इन दवाओं के दाम कम हुए
साल्ट नेम -- बीमारी -- पुराने रेट -- नए रेट
-वोग्लीबोस-मेटफार्मिंग शुगर -- 16.90(एक टेबलेट) -- 10.47
-लाइनोजोलिड सीरप संक्रमण-निमोनिया -- 130 -- 102
-वोग्लीबोस-मेटफार्मिंग एसआर शुगर -- 12.89 -- 10.47
-रोसूवैस्टिेटिन-एस्पिरिन,ग्लिपोजेरल हार्ट -- 19.70 -- 13.91
- एम्लोडिपिन-टेलनासारटेन बीपी -- 17.10 -- 9.76
-एचसीक्यूएस गठिया-शुगर -- 16.81 -- 11.74
- सीटाग्लिप्टिन फास्फेट-मेटफार्मिंग- शुगर -- 27 -- 16.96