पिछले दिनों मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने यूपी रोडवेज के बेड़े में शामिल की गई नई तकनीक वाली 150 बीएस-6 बसों को उत्तर प्रदेश सड़क परिवहन निगम के सुपुर्द किया था। हर जिले को दो-दो बसें अलॉट की गई थीं। वहीं इस खास तरह की बसों कोई भी नहीं चलाएगा।
उत्तर प्रदेश सरकार बस ड्राइवर्स को बड़ी सौगात देने जा रही है। वह ड्राइवर जिनके रिकॉर्ड अच्छे हैं उन्हें बीएस-6 बसें चलाने का मौका मिलेगा। पिछले दिनों मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने यूपी रोडवेज के बेड़े में शामिल की गई नई तकनीक वाली 150 बीएस-6 बसों को उत्तर प्रदेश सड़क परिवहन निगम के सुपुर्द किया था। हर जिले को दो-दो बसें अलॉट की गई थीं। वहीं इस खास तरह की बसों कोई भी नहीं चलाएगा। तय हुआ है कि हर जिले में जो बस डिपार्टमेंट के सबसे बेहतरीन रिकॉर्ड वाले ड्राइवर होंगे, उन्हें ही इन बसों को चलाने का मौका दिया जाएगा। इसकी गाइ़डलाइन भी जारी हुई है। लखनऊ परिवहन मुख्यालय के प्रधान प्रबंधक संचालन आशुतोष गौड़ ने लेटर जारी किया।
पक्षपाती रवैया अपनाने वालों के खिलाफ होगी कार्रवाई
लेटर के अनुसार नई बस के लिए 150 ड्राइवर तैनात किए जाएंगे मगर इसके लिए पहले एक रिपोर्ट दी जाएगी। इसके आधार पर नई बसें यूपी के सबसे बेहतरीन ड्राइवरों के हवाले की जाएंगी। इस रिपोर्ट को तैयार करने में गड़बड़ी पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई का भी प्रावधान है। वहीं, अगर ड्राइवरों की तैनाती को लेकर कोई पक्षपात रवैया अपनाया जाता है या फिर किसी ऐसे व्यक्ति को चुना जाता है, जो योग्य नहीं है, तो भी कार्रवाई होगी। दरअसल, इससे पहले ड्राइवरों की तैनाती को लेकर पक्षपातपूर्ण रवैये की शिकायत की शिकायत सामने आई थी। ऐसे में कुछ बदलाव करते हुए उत्तर प्रदेश सड़क परिवहन निगम की ओर से पहली बार एक निर्देश जारी किया गया है।
ट्रेंड ड्राइवर चलाएंगे बसें
नियम अनुसार, ट्रेंड ड्राइवर ही नई बसों को चलाएंगे। इसके लिए ड्राइवरों का कुछ टेस्ट भी होगा। वह ड्राइवर जिनका एक्सीडेंट रिकॉर्ड खराब न हो व जिनकी छवि अच्छी हो उन्हें चुना जाएगा। बस को चलाने के लिए ड्राइवर्स को ट्रेंड किया जाएगा। कानपुर स्थित ट्रेनिंग सेंटर में चालकों को ट्रेनिंग दिए जाने की तैयारी चल रही है।