कांग्रेस सांसद इमरान मसूद (Congress MP Imran Masood) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) की ईंधन संरक्षण (Energy Conservation) की अपील पर प्रतिक्रिया दी है। इमरान मसून (Imran Masood) ने क्या कहा, आइए जानते हैं…
वैश्विक स्तर पर जारी ऊर्जा चुनौतियों (Global Energy Crisis) के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) ने देश के लोगों से ईंधन बचाने की अपील (Appeal to save fuel) की है। पीएम मोदी (PM Modi) की अपील का पूरे देश में असर दिखने लगा है। उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड सरकार के नेता-मंत्रियों के अलावा देश के तमाम नौकरशाह ईंधन बचाने की दिशा में कदम उठा रहे हैं। इसी बीच कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील पर प्रतिक्रिया दी है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ईंधन संरक्षण की अपील पर कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने कहा- राहुल गांधी ने पहले ही चेतावनी दी थी कि अर्थव्यवस्था चरमरा जाएगी। PM मोदी और उनकी सरकार ने राहुल गांधी की अपील पर ध्यान नहीं दिया। इमरान मसूद ने तंज कसते हुए कहा कि मैं PM मोदी का शुक्रगुजार हूं कि देर से ही सही, लेकिन उन्हें समझ में आ रहा है।
राहुल गांधी ने पिछले साल ही संसद में कहा था कि सरकार भारतीय अर्थव्यवस्था को उपभोक्ता-केंद्रित बना रही है, जबकि इसे उत्पादन-आधारित होना चाहिए। वे बुनियादी बातों पर ध्यान नहीं देते हैं। भारत की कूटनीति की विफलता के कारण हम आज इस स्थिति में हैं। इमरान मसूद ने नसीहत देते हुए कहा कि PM मोदी सर्वदलीय बैठक बुलाएं, विशेषज्ञों की राय लें और आगे बढ़ें।
कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने कहा कि राहुल गांधी ने संकट आने से पहले ही चेतावनी दी थी। राहुल गांधी ने कहा था कि महंगाई चरम पर आने वाली है। देश के सामने एक बड़ा संकट आने वाला है। राहुल गांधी ने हर संकट से पहले चेताया था। उन्होंने कोरोना से पहले भी अलर्ट किया था, लेकिन उनके (बीजेपी) के पास हमें गाली देने के लिए बहुत मसाला है। आप गाली देते रहिए, लेकिन देश के बारे में भी सोचिए। देश के लिए कुछ कीजिए।
कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने कहा कि हम पूरे उत्तर प्रदेश में 2027 को लेकर तैयारियों में लगे हैं। महंगाई लगातार बढ़ रही है, यह एक बड़ा विषय है। प्रधानमंत्री को अब समझ आया है कि हम एक बड़े आर्थिक संकट की तरफ हम बढ़ रहे हैं। जिसके बारे में पिछले एक साल से हमारे नेता राहुल गांधी आगाह कर रहे हैं। पीएम मोदी को पहले समझ जाना चाहिए था।