
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में इस बार भाजपा को फिर से अपने पुराने पॉलिटिकल ट्रैक पर ही जीत हासिल हुई है। हालांकि पूर्ण बहुमत की जीत होने के बावजूद इस बार संख्या में काफी कमी आई है। वहीं प्रदेश में कई बड़े प्रत्याशियों को अप्रत्याशित हार का सामना करना पड़ा. जिसमें खुद डिप्टी सीएम केशव मौर्य, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू, मंत्री सतीश द्विवेदी भी शामिल हैं। वहीं पूर्व विदेश मंत्री सलमान खुर्शीद की पत्नी लुईस खुर्शीद भी इस बार चुनाव हार गई हैं। फरुखाबाद जिले की सदर सीट पर चुनाव लड़ीं लुईस खुर्शीद की इस बार जमानत जब्त हो गई है।
इस सीट पर बीजेपी के मेजर सुनील दत्त द्विवेदी को 1,10,950 वोट मिले. दूसरे नंबर पर सपा की सुमन मौर्य रहीं. उन्हें 72,155 वोट मिले. बीएसपी के विजय कटियार को 16334 वोट मिले. चौथे स्थान पर रहीं कांग्रेस की लुईस खुर्शीद को 2017 वोट ही मिले. उनकी जमानत जब्त हो गई. बीजेपी के मेजर सुनील दत्त द्विवेदी 38,795 वोटों से विजयी रहे. यूपी विधानसभा चुनाव 2017 में फर्रुखाबाद की सभी 4 सीटों पर बीजेपी का कब्जा हुआ था. 2017 में फर्रुखाबाद विधान सभा में भाजपा के सुनील दत्त द्विवेदी विधायक चुने गए थे. भोजपुर में भाजपा से नागेंद्र सिंह राठौर विधायक चुने गए थे. अमृतपुर सीट में भाजपा से सुशील शाक्य विधायक चुने गए थे. कायमगंज सीट में भाजपा से अमर सिंह विधायक चुने गए थे.
यूपी में 10 मार्च को आया रिज़ल्ट
उत्तर प्रदेश विधान सभा चुनाव सात चरणों में हुए थे। चुनाव में प्रथम चरण की वोटिंग 10 फरवरी, दूसरे चरण की 14 फरवरी, तीसरे चरण की 20 फरवरी, चौथे चरण की 23 फरवरी, पांचवे चरण की 27 फरवरी, छठे चरण की 3 मार्च और सातवे चरण की वोटिंग 7 मार्च को हुई थी। वहीं मतगणना 10 मार्च को हो चुकी है। जिसमे भाजपा को 255 सीट मिली हैं। वहीं सपा को 111 सीट से ही संतोष करना पड़ा है। अब 2024 की लड़ाई के लिए तैयारी शुरू हो रही है।