Lucknow Excise Department: लखनऊ में आबकारी विभाग छह देसी शराब की दुकानों की लॉटरी दोबारा आयोजित करेगा। पहले दौर में इनका आवंटन नहीं हो सका था। अधिकारियों के अनुसार, इसके लिए जल्द ही आवेदन मांगे जाएंगे और नई तारीख जारी होगी। सदर क्रॉसिंग की एक दुकान का आवंटन निरस्त कर दिया गया है।
Lucknow Liquor License: लखनऊ में देसी शराब की 6 दुकानों के आवंटन को लेकर एक बार फिर लॉटरी की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है। आबकारी विभाग ने घोषणा की है कि जिन दुकानों का आवंटन पहले नहीं हो पाया था, उनके लिए दोबारा ई-लॉटरी कराई जाएगी। इसके लिए इच्छुक आवेदकों से फिर से आवेदन मांगे जा रहे हैं। जल्द ही नई तारीख जारी की जाएगी, जिसके तहत लॉटरी प्रक्रिया पूरी होगी।
इसके अलावा आबकारी विभाग ने सदर क्रॉसिंग पर स्थित देसी शराब की दुकान का आवंटन निरस्त कर दिया है। विभाग के अधिकारियों ने बताया कि कुछ प्रशासनिक कारणों और नियमों के उल्लंघन के चलते इस दुकान का लाइसेंस रद्द कर दिया गया है। अब इस दुकान के आवंटन के लिए भी दोबारा आवेदन लिए जाएंगे।
आबकारी अधिकारी करुणेंद्र सिंह ने जानकारी दी कि इस बार की लॉटरी में 6 देसी शराब की दुकानें शामिल हैं, जिनका आवंटन पहले नहीं हो सका था। इसलिए, एक बार फिर ई-लॉटरी के जरिए इनका आवंटन किया जाएगा।
लखनऊ में शराब की दुकानों के लिए इस बार 17605 आवेदन प्राप्त हुए थे। इनमें से 1071 दुकानों का आवंटन किया जाना था, जिसमें—
572 दुकानें देसी शराब की थीं
99 मॉडल शॉप भी शामिल थींइनमें से अधिकांश दुकानों का आवंटन पूरा हो चुका है, लेकिन देसी शराब की 6 दुकानें ऐसी थीं जिनका आवंटन नहीं हो सका। अब इनके लिए फिर से लॉटरी होगी।
जो लोग इन दुकानों के लिए आवेदन करना चाहते हैं, उन्हें कुछ जरूरी नियमों का पालन करना होगा:
ई-लॉटरी प्रणाली का उद्देश्य शराब दुकानों के आवंटन में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करना है। इस प्रक्रिया से कोई भी आवेदक अपनी किस्मत आजमा सकता है और बिना किसी पक्षपात के दुकान हासिल कर सकता है। इससे पहले भी आबकारी विभाग ने कई बार यह प्रक्रिया सफलतापूर्वक पूरी की है।
शराब दुकानों के आवंटन में गड़बड़ी को रोकने के लिए प्रशासन पूरी तरह से सतर्क है। अवैध शराब बिक्री और ओवर-रेटिंग रोकने के लिए विशेष टीमों का गठन किया गया है। साथ ही, लखनऊ पुलिस और आबकारी विभाग मिलकर नियमित निरीक्षण कर रहे हैं ताकि लाइसेंसधारी दुकानदार नियमों का पालन करें।
लॉटरी प्रक्रिया को लेकर स्थानीय लोगों की मिश्रित प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। कुछ लोगों का कहना है कि इससे आवंटन में पारदर्शिता आएगी, जबकि कुछ इसे शराब बिक्री को बढ़ावा देने वाला कदम मान रहे हैं। कई व्यापारियों का मानना है कि इस प्रक्रिया से ईमानदार कारोबारियों को फायदा होगा और अवैध धंधे पर रोक लगेगी।
उत्तर प्रदेश सरकार ने शराब बिक्री से जुड़ी नई नीतियां लागू की हैं, जिनका उद्देश्य आय में बढ़ोतरी करना और अवैध शराब बिक्री को रोकना है। लॉटरी प्रक्रिया का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सिर्फ योग्य और ईमानदार व्यापारी ही दुकानें चला सकें।
आबकारी विभाग द्वारा लखनऊ में शराब की 6 दुकानों की ई-लॉटरी प्रक्रिया एक बार फिर से आयोजित की जा रही है। यह कदम पारदर्शिता सुनिश्चित करने और सभी दुकानों के उचित आवंटन के लिए उठाया गया है। आवेदन प्रक्रिया जल्द ही शुरू होगी और इच्छुक उम्मीदवारों को सभी नियमों और शर्तों का पालन करना होगा। प्रशासन इस प्रक्रिया को निष्पक्ष और सुचारू रूप से संचालित करने के लिए पूरी तरह से तैयार है।