
उत्तर प्रदेश में स्नातक और शिक्षक एमएलसी चुनावों के लिए मतदान जारी है। सपा के राष्ट्रीय महासचिव रामगोपाल यादव ने इटावा में और भाजपा उपाध्यक्ष नीरज सिंह ने लखनऊ में अपना वोट डाला। मतदान शाम 4 बजे तक चलेगा, जबकि मतों की गिनती (काउंटिंग) 27 अक्टूबर को होगी। शांतिपूर्ण मतदान सुनिश्चित करने के लिए वोटिंग वाले क्षेत्रों में स्कूल और शराब की दुकानें पूरी तरह बंद हैं।
शिक्षक खंड की 6 और स्नातक खंड की 5 को मिलाकर कुल 11 सीटों पर चुनाव हो रहे हैं। इस चुनाव में 152 प्रत्याशी मैदान में हैं और 14,28,131 मतदाता अपने प्रतिनिधि चुनेंगे। मतदान के लिए प्रदेशभर में 2,697 केंद्र बनाए गए हैं। चुनाव 72 जिलों में हो रहा है। कानपुर, कानपुर देहात और उन्नाव को इस बार चुनाव प्रक्रिया से बाहर रखा गया है। इन तीन जिलों में अगला चुनाव 2029 में होगा।
स्नातक निर्वाचन क्षेत्र की पांच सीटों पर 74 प्रत्याशी चुनाव लड़ रहे हैं। इन सीटों के लिए 11,85,706 मतदाता पंजीकृत हैं। वहीं, शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र की छह सीटों पर 78 उम्मीदवार मैदान में हैं। यहां मतदाताओं की संख्या 2,42,425 है।
स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों की सीटें लखनऊ, वाराणसी, आगरा, मेरठ और इलाहाबाद-झांसी में हैं। वहीं शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में लखनऊ, आगरा, वाराणसी, मेरठ, बरेली-मुरादाबाद और गोरखपुर-फैजाबाद की सीटें शामिल हैं। इन क्षेत्रों का दायरा प्रदेश के सभी 75 जिलों तक फैला है, लेकिन मतदान का अधिकार सिर्फ पंजीकृत स्नातक और शिक्षक मतदाताओं को ही है। आम मतदाता इन चुनावों में वोट नहीं डाल सकते।
लखनऊ में स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में कुल 96,070 मतदाता पंजीकृत हैं, जबकि शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में 20,421 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। दोनों निर्वाचन क्षेत्रों के लिए कुल 259 मुख्य और सहायक मतदान बूथ बनाए गए हैं।
चुनाव के मद्देनजर लखनऊ समेत संबंधित 72 जिलों में 23 और 27 अक्टूबर को शराब की दुकानें बंद रखने का फैसला लिया गया है। जिला प्रशासन के मुताबिक, प्रतिबंध के दौरान बार, मॉडल शॉप और सैन्य कैंटीन में भी शराब की बिक्री नहीं होगी।