Coronavirus Update यूपी में कोरोना वायरस का प्रभाव अभी जारी है। सभी अस्पतालों में जांच हो रही है। पर अब कोरोना वायरस जांच पर संकट के बादल मंडरा रहे हैं। यूपी में इस वक्त कोरोना जांच में प्रयोग होने वाले रिएजेंट वायरल ट्रांसपोर्ट मीडियम (वीटीएम) सिर्फ पांच दिन का ही शेष है।
यूपी में कोरोना वायरस का प्रभाव अभी जारी है। सभी अस्पतालों में जांच हो रही है। पर अब कोरोना वायरस जांच पर संकट के बादल मंडरा रहे हैं। यूपी में इस वक्त कोरोना जांच में प्रयोग होने वाले रिएजेंट वायरल ट्रांसपोर्ट मीडियम (वीटीएम) सिर्फ पांच दिन का ही शेष है। उत्तर प्रदेश मेडिकल सप्लाईज कारपोरेशन के सभी मंडलीय वेयर हाउस में सिर्फ तीन लाख यूनिट वीटीएम ही बचा है। इस वक्त हर दिन 60 हजार लोगों की जांच हो रही है। योगी सरकार की तरफ से सूबे में कम से कम डेढ़ लाख लोगों की प्रतिदिन कोरोना जांच करने के निर्देश हैं पर अभी आधे से भी कम जांच की जा रही है। आठ अगस्त 2022 को महानिदेशक चिकित्सा एवं स्वास्थ्य ने सभी जिलों के सीएमओ को पत्र लिखकर कम जांच पर नाराजगी जताई थी। इसके बावजूद कोरोना टेस्ट की संख्या में कोई बढ़ोतरी नहीं हुई।
वीटीएम मंगवाई गई - कुमारस्वामी
बताया जा रहा है कोरोना जांच में कमी के पीछे मुख्य वजह वीटीएम की कमी है। अब वीटीएम की और कमी होने से कोरोना जांच पर ही संकट खड़ा हो गया है। अगर जल्द वीटीएम न मंगवाई गई तो जांच के लिए सैंपल भेजना ही मुश्किल हो जाएगा। उत्तर प्रदेश मेडिकल सप्लाईज कारपोरेशन एमडी बी मुथु कुमारस्वामी का कहना है कि, वीटीएम मंगवाई गई है। जांच प्रभावित न हो इसकी पूरी कोशिश की जा रही है।