लॉकडाउन खुलने के बाद रेलवे नॉन-एसी ट्रेनें चला सकता है। रेलवे ने इसको लेकर कार्ययोजना तैयार की है।
लखनऊ. लॉकडाउन खुलने के बाद रेलवे नॉन-एसी सुविधा के साथ ट्रेनें चला सकता है। रेलवे ने इसको लेकर कार्ययोजना तैयार की है। लॉकडाउन से पूर्व एसी ट्रेनों में हीट थेरेपी दी जाती थी। इसमें चलने से पूर्व एक घंटे तक ट्रेनों में एसी को 35 डिग्री तापमान पर चलाया जाता था। प्रत्येक रेलवे ज़ोन को लखनऊ-दिल्ली या लखनऊ-मुंबई जैसे मार्गों में पड़ने वाले हॉटस्पॉट को ध्यान में रखते हुए ट्रेन के परिचालन पर एक योजना तैयार करने के लिए कहा जा सकता है। रेलवे से जुड़े एक अधिकारी के अनुसार ट्रेनें मौजूदा मार्गों पर चल सकती हैं, लेकिन उन स्टेशनों पर नहीं रुक सकती जो हॉटस्पॉट क्षेत्रों के अंतर्रगत आते हैं।
परिचालन आवृत्ति में सुधार के तरीके सुझाने के लिए रेलवे ने एक समिति का गठन किया है। 21-बिंदु कार्य योजना तैयार करने के लिए कम से कम चार जेनेरल मैनेजर-रैंक के अधिकारियों को नोडल अधिकारी बनाया गया है। इसमें लॉकडाउन के बाद संचालन, प्रबंधन, निर्माण और अन्य गतिविधियों की योजना भी मांगी गई है। नोडल अधिकारियों द्वारा संकलित अंतिम रिपोर्ट रेलवे बोर्ड को भेजी जाएगी, जो अंतिम फैसला लेगी। इसके अतिरिर्क केंद्रीय गृह मंत्रालय और स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा जारी किए गए कार्यस्थल के नियमों को लागू करना, पटरियों के रखरखाव व लॉकडाउन के दौरान निर्माण जैसे निर्णय भी लिए जाएंगे।
बहरहाल अन्य राज्यों में फेंस श्रमिकों व पर्यटकों के लाने के लिए रेलवे ने स्पेशल ट्रेनें चलाने का निर्णय लिया है। ट्रेनों में इसमें यात्रियों के चढ़ने से पहले उनकी स्क्रीनिंग की जाएगी।