
PPS Officers Transfer : उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने पुलिस विभाग में फिर से बड़े पैमाने पर फेरबदल करते हुए सात पीपीएस (प्रांतीय पुलिस सेवा) अधिकारियों के तबादले कर दिए हैं। इस क्रम में मेरठ में तैनात पुलिस उपाधीक्षक सौरभ सिंह का स्थानांतरण जनपद बांदा में कर दिया गया है। यह तबादला एक्सप्रेस योगी सरकार की प्रशासनिक सख्ती और सुधार के उद्देश्यों के तहत लगातार जारी है। इस बार किए गए स्थानांतरणों से राज्य के विभिन्न जिलों में पुलिस प्रशासन को और अधिक सुदृढ़ करने का प्रयास किया गया है।
योगी सरकार द्वारा जारी की गई सूची में सुल्तानपुर के पुलिस उपाधीक्षक शिवम मिश्रा का तबादला लखनऊ में पुलिस मुख्यालय में किया गया है, जहां उन्हें पुलिस उपाधीक्षक के पद पर नियुक्त किया गया है। वहीं, पुलिस मुख्यालय लखनऊ में तैनात रेखा बाजपेई को प्रशिक्षण निदेशालय, लखनऊ में भेजा गया है।
पीपीएस अधिकारी योगेंद्र कृष्ण नारायण, जो यूपीपीसीएल प्रयागराज में तैनात थे, उन्हें अब हाथरस का पुलिस उपाधीक्षक नियुक्त किया गया है। वहीं, जनपद हाथरस में तैनात गोपाल सिंह को गाजियाबाद में 47वीं वाहिनी पीएसी में सहायक सेना नायक के पद पर तैनात किया गया है। इस प्रकार के तबादले विभागीय संतुलन को बनाए रखने और बेहतर प्रशासनिक कार्यशैली सुनिश्चित करने के लिए किए गए हैं।
मेरठ में पुलिस उपाधीक्षक सौरभ सिंह को अब जनपद बांदा का पुलिस उपाधीक्षक नियुक्त किया गया है। यह तबादला उत्तर प्रदेश में कानून व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए किया गया है। इसके अलावा, बाराबंकी में तैनात पुलिस उपाधीक्षक डॉक्टर बीनू सिंह को एएनटीएफ मुख्यालय लखनऊ भेजा गया है। इसी प्रकार गौतम बुद्ध नगर कमिश्नरेट में सहायक पुलिस आयुक्त सौरभ श्रीवास्तव का स्थानांतरण बाराबंकी में किया गया है।
योगी सरकार द्वारा किए गए इन तबादलों का प्रमुख उद्देश्य पुलिस बल में बेहतर कार्यसंस्कृति को बढ़ावा देना और विभागीय अधिकारियों के अनुभव का सही उपयोग करना है। सरकार की इस तबादला नीति का उद्देश्य कानून व्यवस्था को सुदृढ़ करना और उत्तर प्रदेश की जनता को अधिक सुरक्षित वातावरण प्रदान करना है।
योगी आदित्यनाथ सरकार की तबादला एक्सप्रेस उत्तर प्रदेश पुलिस में सकारात्मक बदलाव लाने के प्रयास में निरंतर सक्रिय है। सात पीपीएस अधिकारियों के तबादले राज्य में बेहतर कानून व्यवस्था और पुलिस प्रशासन के सुधार के लिए महत्वपूर्ण कदम माने जा रहे हैं। इस प्रकार के फेरबदल से पुलिस बल के विभिन्न पदों पर अनुभव और क्षमता का सही उपयोग कर राज्य को सुरक्षित बनाने का प्रयास किया जा रहा है।