रघुराज प्रताप सिंह उर्फ राजा भैया भी राजनीति में नया दांव खेलने का मन बना चुके हैं...
लखनऊ. समाजवादी पार्टी से किनारा करके अलग राह पर निकले शिवपाल सिंह के बाद अब कुंडा के बाहुबली विधायक और पूर्व मंत्री रघुराज प्रताप सिंह उर्फ राजा भैया भी नई राजनीतिक पार्टी बनाने के लिए कमर कस चुके हैं। अब तक निर्दलीय चुनाव लड़ने वाले राजा भैया अपनी राजनीति को नई दिशा देने का मन बना चुके हैं। जानकारी के मुताबिक राजा भैया इन दिनों अपने करीबियों के साथ लगातार बैठकें कर नए राजनीतिक दल पर उनकी राय जानने में जुटे हैं।
राजा भैया का नया दांव
दरअसल अब तक राजा भैया एक विधायक के तौर पर सियासी दलों को समर्थन देते आए हैं, लेकिन अब वह राजनीति में नया दांव खेलने का मन बना चुके हैं। सूत्रों के मुताबिक इसी नवरात्र में वह लखनऊ में अपनी नई राजनीतिक पार्टी को लेकर आधिकारिक ऐलान भी कर सकते हैं। क्षत्रिय विधायकों और मंत्रियों में प्रभाव रखने वाले राजा भैया अपनी पार्टी के सहारे सवर्ण और पिछड़ों को थामना चाहते हैं। जानकारी के मुताबिक नई पार्टी बनाने के बाद राजा भैया केंद्र की मोदी सरकार के SC-ST में सुप्रीम कोर्ट के संसोधन के फैसले को संसद में अध्यादेश लाकर पलटने को भी अपना सिसासी मुद्दा बनाने वाले हैं।
25 साल की राजीनीति
लगातार आठवीं बार विधायक बने राजा भैया 30 नवंबर को अपनी राजनीतिक पारी के 25 साल पूरे करने जा रहे हैं। इन दिनों प्रतापगढ़ और उसके आस-पास के जिलों में सर्वे वाले पोस्टर लगवाए जा रहे हैं। प्रतापगढ़ ग्राम प्रधानसंघ की तरफ से लगाए गए इन पोस्टरों में लिखा है कि क्या राजा भैया को अब अपनी नई पार्टी बनाना चाहिए। इन पोस्टरों को देखने के बाद ही राजनीतिक पंडियों में राजा भैया की नई पार्टी को लेकर चर्चा का दौर शुरू हुआ।
लोकसभा चुनाव में दिखेगी ताकत
राजा भैया की नई पार्टी सर्वे में लगातार मिल रहे सकारात्मक जवाब से राजा भैया और उनके समर्थक काफी गदगद हैं। सभी लोगों ने नई पार्टी को लेकर गहन मंथन भी शुरू कर दिया है। सूत्रों के मुताबिक 2019 में होने वाले लोकसभा चुनाव में राजा भैया की नई पार्टी से भी उम्मीदवार मैदान में उतरेंगे। इससे पहले ही नई राजनीतिक पार्टी को लेकर सारी औपचारिकताएं पूरी कर ली जाएंगी।
जल्द होगा नई पार्टी का ऐलान
आपको बता दें कि 26 साल की उम्र में राजनीति की शुरुआत करने वाले राजा भैया 1993 से लगातार आठ बार से कुंडा के विधायक बने हैं। इस समय राजनीति में राजा भैया का अच्छा-खासा दबदबा है। राजा भैया कल्याण सिंह, मुलायम सिंह यादव और अखिलेश सरकार में मंत्री पद भी संभाल चुके हैं। राजा भैया ने इस बार अपने करीबी विनोद सरोज को भी बाबागंज सीट से विधायकी का चुनाव जितवाया। राजा भैया के एमएलसी भाई अक्षय प्रताप सिंह गोपालजी और पीआरओ ज्ञानेंद्र सिंह के मुताबिक नई पार्टी के गठन पर विचार चल रहा है। जल्द ही राजा भैया इससे जुड़ा ऐलान कर सकते हैं।