उत्तर प्रदेश में पहले राहुल गांधी (Rahul Gandhi) की 'भारत जोड़ो न्याय यात्रा'(Bharat Jodo Nyay Yatra) यात्रा 16 फरवरी से 26 फरवरी तक होनी थी लेकिन अब यह 21 फरवरी तक ही इस राज्य में रहेगी।
राहुल गांधी ने उत्तर प्रदेश में 'भारत जोड़ो न्याय यात्रा'(Bharat Jodo Nyay Yatra) का समय घटा दिया है। 11 दिन की यात्रा को उन्होंने मात्र छह दिन में पूरा करने का निर्णय लिया है। अब जनता के मन में यह सवाल उठ रहा है कि राहुल गांधी ने ऐसा क्यों किया? एक तरफ BJP ने इस चुनाव में अपनी ताकत झोंक दो जबकि राहुल गांधी ने यात्रा के दिन कम कर दिया। ऐसे में एक सवाल यह भी है कि क्या उन्होंने उत्तर प्रदेश में पहले ही हथियार डाल दिए हैं।
क्या राहुल गांधी को यूपी से नहीं है उम्मीद?
कांग्रेस पार्टी और राहुल गांधी द्वारा लिए गए इस कदम से यह कयास लगाए जा रहे हैं कि 80 लोकसभा सीटों वाले उत्तर प्रदेश से अब इस पार्टी को ज्यादा मतलब नहीं है। या फिर लोकसभा चुनाव 2024 से पहले ही राहुल गांधी ने यूपी में सरेंडर कर दिया है। इसका एक मतलब और निकाला जा रहा है और वो है कि शायद राहुल गांधी को यह बात समझ आ चुकी है कि यूपी में कांग्रेस ज्यादा सीटों पर कब्जा नहीं कर पाएगी, ऐसे में इस राज्य में ज्यादा समय देने का कोई मतलब नहीं है। आपको बता दें कि लोकसभा चुनाव 2019 में अमेठी सीट पर राहुल गांधी को स्मृति ईरानी ने हराया था। हालांकि, इसके बाद वो केरल के वायनाड से जीत हासिल कर संसद पहुंचे।
अखिलेश यादव और कांग्रेस के बीच समझौता
पिछले दिनों में कई बार कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के बीच इशारों-इशारों में तंज कसे गए। यूपी प्रदेश अध्यक्ष अजय राय और समाजवादी पार्टी मुखिया अखिलेश यादव के बीच मनमुटाव चरम पर था। लेकिन मौजूदा हालात को देखते हुए समाजवादी पार्टी कांग्रेस से हाथ मिलाने पर मजबूर हो गई।
इस वजह से UP में घटाया 'न्याय यात्रा' का समय
कांग्रेस की उत्तर प्रदेश इकाई के प्रवक्ता अंशु अवस्थी ने 12 फरवरी को एक बयान में बताया कि राहुल गांधी ने उत्तर प्रदेश की बोर्ड परीक्षाओं और छात्र-छात्राओं के हितों को देखते हुए राज्य में अपनी 'भारत जोड़ो न्याय यात्रा' का समय घटा दिया है। उन्होंने बताया कि उत्तर प्रदेश में पहले यह यात्रा 16 फरवरी से 26 फरवरी तक होनी थी लेकिन आगामी 22 फरवरी को शुरू हो रही उत्तर प्रदेश बोर्ड की परीक्षाओं को ध्यान में रखते हुए अब यह 21 फरवरी तक ही इस राज्य में रहेगी।
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यूपी में कब-कहां रहेगी राहुल की यात्रा?
अंशु अवस्थी ने आगे कहा, “संवेदनशीलता की मिसाल पेश करते हुए राहुल गांधी ने कई मौकों पर जनहित को प्राथमिकता पर रखा। वह इससे पहले भी कोरोना काल में लोगों की परवाह करते हुए बंगाल में अपनी रैलियां निरस्त कर चुके हैं।” आपको बता दें कि 'भारत जोड़ो न्याय यात्रा' जल्द ही आरंभ होने वाली है। इस यात्रा की शुरुआत 16 फरवरी को वाराणसी से होगी और फिर भदोही, प्रयागराज और प्रतापगढ़ के रास्ते यात्रा 19 फरवरी को अमेठी जाएगी। इस दौरान राहुल गांधी अमेठी लोकसभा क्षेत्र के गौरीगंज में जनसभा में भाषण देंगे। 20 फरवरी को यात्रा रायबरेली और लखनऊ पहुंचेगी, जहां रात्रि विश्राम होगा। अगले दिन, यात्रा उन्नाव पहुंचेगी और फिर कानपुर में प्रवेश करेगी। इसके बाद, कानपुर से हमीरपुर के रास्ते यात्रा झांसी में पहुंचेगी और उसी दिन मध्य प्रदेश में प्रवेश करेगी।