Railway Rules खबरदार, रेलवे में टू स्टॉप नियम क्या है? जानते हैं, अगर नहीं जानते तो समझ लीजिए। नहीं तो परेशानी में पड़ जाएंगे। और आपकी आरक्षित सीट आपके हाथ से निकल कर दूसरे के पास पहुंच जाएगी। यह जानकार आप चौंक जाएंगे। पर यह सही है। जानें रेलवे IRCTC के नए नियम
Indian Railways रेलवे ने यात्रियों को कई सुविधा के साथ-साथ कई नियम कायदे भी बनाए हैं। अगर इनका उल्लंघन करते हैं तो दिक्कत में पड़ सकते हैं। इनमें एक है नियम है टू स्टॉप नियम। टू स्टॉप नियम क्या है? जानें। रेलवे में टू स्टॉप का मतलब यानी अगर कोई यात्री ट्रेन में यात्रा कर रहा है और अपनी रिजर्व सीट पर नहीं पहुंचा है तो टीटीई आपकी सीट, ट्रेन के अगले दो स्टॉप या अगले एक घंटे के लिए किसी अन्य यात्री को आवंटित नहीं कर सकता है। इसका मतलब यह है कि, अगर यात्री आपके बोर्डिंग स्टेशन के अगले 2 स्टेशनों तक सीट पर नहीं पहुंचता है, तो टीटीई यह मान लेगा कि आरक्षित सीट के यात्री ने ट्रेन नहीं पकड़ी है और तीसरे स्टॉप को पार करने के बाद टीटीई आपकी सीट दूसरे को आवंटित कर देगा।
अब आपका टिकट नहीं चेक कर सकता है टीटीई
भारतीय रेलवे के नियमों के अनुसार, अगर आप सफर में सो रहे हैं तो टीटीई भी आपको सोते वक्त नहीं उठा सकता। अगर कोई यात्री सुबह से ट्रेन में सफर कर रहा है तो रात 10 बजे के बाद टीटीई आपको डिस्टर्ब नहीं कर सकता। मतलब साफ है कि, टीटीई रात 10 बजे के बाद ट्रेन यात्रियों को टिकट या आईडी दिखाने के बेबस नहीं कर सकता है।
मिडिल बर्थ यात्री के अधिकार?
रेलवे के नियम के मुताबिक मिडिल बर्थ पर सफर करने वाले यात्री रात 10 बजे के बाद अपनी सीट खोलकर सो सकते हैं। साथ ही सुबह 6 बजे के बाद मिडिल बर्थ वाले यात्रियों को सीट खोलनी होती है, ताकि सुबह नीचे के यात्री अपनी सीट पर बैठकर अपनी सुविधानुसार यात्रा कर सकें।