
पत्रिका न्यूज नेटवर्क
लखनऊ. UPMSP UP Board 10th Exam 2021. कोरोना महामारी के चलते इस बार यूपी बोर्ड हाईस्कूल के सभी बच्चों को नौवीं कक्षा में प्रमोट करने की बात कही जा रही है। नौंवी का परीक्षाफल ग्रेडिंग का आधार होगा। निर्देश के बाद वेबसाइट पर मार्क्स भी अपलोड होने शुरू हो गये हैं, लेकिन यूपी बोर्ड के सामने उन 4.62 लाख छात्र-छात्राओं को लेकर उहापोह की स्थिति है जो बीते वर्ष 10वीं फेल हो गये थे। इनके पास कक्षा नौ का रिजल्ट 2019 का है। ऐसे में यदि बोर्ड कक्षा 9 (परीक्षाफल 2020) के अंकों के आधार पर 10वीं के बच्चों को प्रोन्नत करने का फैसला लेता है तो सवाल है कि इनका क्या होगा। क्योंकि इनका न तो प्री बोर्ड का रिकॉर्ड उपलब्ध है और न छमाही का रिजल्ट। आखिर कैसे करें इन्हें प्रमोट किया जाएगा? इस संदर्भ में कोई स्पष्ट दिशा-निर्देश नहीं जारी किए गये हैं, जिसके चलते भ्रम की स्थिति बनी हुई है।
बीते वर्ष 27,72,656 परीक्षार्थी (1490814 छात्र और 12,81,842 छात्राएं) 10वीं की परीक्षा में सम्मिलित हुए थे। इनमें से 23,09,802 (11,90,888 छात्र और 11,18,914 छात्राएं) परीक्षार्थी उत्तीर्ण हुए, जबकि 4,62,854 परीक्षार्थी अनुत्तीर्ण रहे। इनमें से अधिकांश ने दोबारा परीक्षा का फॉर्म भरा है। इसके अलावा सीबीएसई, सीआईएससीई या फिर किसी अन्य बोर्ड के जिन छात्रों ने यूपी बोर्ड से 10वीं का फॉर्म भरा है वे भी परेशान हैं। उनके यहां मार्किंग अलग है, यूपी बोर्ड में अलग।
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