लखनऊ

UP Board Class Result 2025 Declared: हाईस्कूल 90.11% और इंटर 81.15% छात्र सफल

UP Board Result 10th and 12th Result: उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद (UPMSP) ने 2025 की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षाओं के परिणाम घोषित कर दिए हैं। हाई स्कूल में 90.11% और इंटर में 81.15% छात्र-छात्राएं सफल हुए। लड़कियों ने फिर से बेहतर प्रदर्शन किया, जबकि ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यार्थियों ने मेरिट में खास पहचान बनाई।
3 min read
Apr 25, 2025
उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद (UPMSP) ने जारी किए 10वीं व 12वीं के नतीजे | छात्राओं का फिर रहा दबदबा | मेरिट में ग्रामीण प्रतिभाओं की चमक
उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद (UPMSP) ने जारी किए 10वीं व 12वीं के नतीजे | छात्राओं का फिर रहा दबदबा | मेरिट में ग्रामीण प्रतिभाओं की चमक

UP Board Result 2025: उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद (UPMSP) द्वारा आयोजित वर्ष 2025 की हाई स्कूल (10वीं) और इंटरमीडिएट (12वीं) बोर्ड परीक्षाओं के परिणाम शुक्रवार को औपचारिक रूप से घोषित कर दिए गए। इस बार का परीक्षा परिणाम ऐतिहासिक रहा,हाई स्कूल में 90.11% और इंटरमीडिएट में 81.15% छात्र-छात्राएं सफल घोषित हुए हैं। शिक्षा निदेशक (माध्यमिक) और परिषद सचिव की उपस्थिति में लखनऊ स्थित बोर्ड मुख्यालय पर परिणामों की घोषणा की गई।

रिजल्ट की खास बातें

  • हाई स्कूल पास प्रतिशत: 90.11%
  • इंटरमीडिएट पास प्रतिशत: 81.15%
  • छात्राओं का सफलता प्रतिशत छात्रों से अधिक
  • ग्रामीण क्षेत्रों की मेरिट में मजबूत पकड़
  • कई जिलों में टॉपर्स ने पहली पीढ़ी के रूप में रचा इतिहास

कुल परीक्षार्थियों की संख्या 

इस वर्ष हाई स्कूल परीक्षा में कुल 29.5 लाख विद्यार्थियों ने रजिस्ट्रेशन कराया था, जबकि इंटरमीडिएट में यह संख्या लगभग 25.2 लाख रही। परीक्षा के दौरान उत्तर प्रदेश बोर्ड की टीम ने राज्यभर में नकल रहित परीक्षा संपन्न कराई, जिसमें AI बेस्ड निगरानी, CCTV कैमरा और फ्लाइंग स्क्वॉड जैसी व्यवस्थाओं ने बड़ी भूमिका निभाई।

लड़कियों का दबदबा बरकरार

परिणामों में इस बार भी लड़कियों ने लड़कों से बेहतर प्रदर्शन किया। हाई स्कूल में जहां छात्राओं का उत्तीर्ण प्रतिशत 92.30% रहा, वहीं छात्रों का 88.65%। इंटरमीडिएट में भी छात्राएं 83.92% के साथ आगे रहीं, जबकि छात्र 78.25% पर टिके।

टॉपर्स की सूची में गांवों की चमक

यूपी बोर्ड की मेरिट सूची में इस बार भी ग्रामीण पृष्ठभूमि के विद्यार्थियों ने झंडा गाड़ा। बलिया, मऊ, जौनपुर, अमेठी और सुल्तानपुर जैसे जिलों के सरकारी और सहायता प्राप्त स्कूलों के विद्यार्थियों ने टॉप 10 में जगह बनाई।
इनमें से कई छात्र-छात्राएं ऐसे परिवारों से हैं जहां माता-पिता मजदूरी या खेती पर निर्भर हैं।

बोर्ड की ओर से ई-मार्कशीट सुविधा

UPMSP ने छात्रों की सुविधा के लिए इस बार भी डिजिटल मार्कशीट डाउनलोड की सुविधा प्रदान की है। छात्र upresults.nic.in और upmsp.edu.in पर जाकर रोल नंबर और जन्मतिथि डालकर अपना परिणाम देख सकते हैं। मूल अंकपत्र और प्रमाण पत्र कुछ ही दिनों में संबंधित विद्यालयों में भेज दिए जाएंगे।

 मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री की बधाई

  • मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने परिणाम घोषित होने के बाद ट्वीट कर विद्यार्थियों को बधाई दी। उन्होंने कहा, "मेरे प्रदेश के प्रतिभाशाली छात्रों ने एक बार फिर सिद्ध किया है कि मेहनत और लगन से कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं। सभी सफल विद्यार्थियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं।"
  • शिक्षा मंत्री गुलाब देवी ने भी उत्कृष्ट परिणाम के लिए बोर्ड प्रशासन और शिक्षकों को धन्यवाद दिया और कहा कि यह पारदर्शी परीक्षा प्रणाली का नतीजा है।

क्या कहता है शिक्षा विशेषज्ञों का नजरिया

शिक्षाविदों का मानना है कि बोर्ड परीक्षा परिणामों की गुणवत्ता में निरंतर सुधार राज्य सरकार की सतत निगरानी और नई शिक्षा रणनीतियों का परिणाम है। डिजिटल लर्निंग प्लेटफॉर्म, मिशन प्रेरणा और पाठ्यक्रम में हुए बदलाव छात्रों के लिए फायदेमंद साबित हुए हैं।

करियर विकल्पों की दौड़ शुरू

रिजल्ट के बाद अब छात्र-छात्राएं कॉलेज में प्रवेश, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी और करियर के निर्णयों की ओर बढ़ेंगे। इंटरमीडिएट पास करने वाले छात्र अब NEET, JEE, UPSC-NDA, CA-CPT, CUET और अन्य राष्ट्रीय परीक्षाओं की तैयारी में जुट जाएंगे।

नकल पर सख्ती बनी असरदार नीति

इस साल बोर्ड ने कड़ी निगरानी रखी। परीक्षाओं के दौरान करीब 1000 से अधिक परीक्षा केंद्रों पर उड़न दस्तों की तैनाती रही। 500 से अधिक केंद्रों को नकल प्रवण घोषित कर वहां विशेष निगरानी की गई।

UPMSP का संदेश

UP बोर्ड के सचिव दिव्यकांत शुक्ला ने छात्रों से कहा, "परिणाम चाहे जैसा हो, हार-जीत ही सब कुछ नहीं होती। आगे की मेहनत और लगन से ही सफलता की नई राह तैयार होती है।"