मुख्यमंत्री योगी की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए एसीपीजी से ट्रेंड युवा पुलिस वाले ही सीएम योगी की सुरक्षा में तैनात होंगे।
लखनऊ. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह फैसला लिया गया है कि एसीपीजी से ट्रेंड युवा पुलिस वाले ही सीएम योगी की सुरक्षा में तैनात होंगे। उनकी सुरक्षा में कोई चूक ना हो जाए इसके लिए जेड प्लस श्रेणी के कमांडो के साथ-साथ बाहरी कवच एसपीजी से ट्रेंड युवा और पुलिसकर्मियों से लैस होगा। इसके लिए सुरक्षाकर्मियों की उम्र 40 साल से कम निर्धारित की गई है। 40 साल से कम उम्र के इंस्पेक्टर सब इंस्पेक्टर हेड कॉन्स्टेबल की तलाश शुरू कर दी गई है।
मुख्यमंत्री की सुरक्षा को लेकर एडीजी सुरक्षा विजय कुमार ने डीजीपी को पत्र लिखकर कहा कि तैनाती से पहले इनका फिटनेस और साक्षात्कार लिया जाएगा। डीजीपी ओमप्रकाश सिंह ने बताया कि सीएम की सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मियों का फिटनेस टेस्ट होगा और उनकी ट्रेनिंग कराई जाएगी। यह ट्रेनिंग एटीएसस व एसपीजी के जवान देंगे। सुरक्षाकर्मियों की फिटनेस, आईक्यू लेवल और आयु इन सभी चीजों को देखा जाएगा। जो सबसे बेहतर होगा उसकी ही तैनाती की जाएगी। पिछले महीने डीजीपी ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सुरक्षा को लेकर समीक्षा की थी। इस में सामने आया था कि सुरक्षा में तैनात कई पुलिसकर्मी अधिक जिम्मेदारी नहीं निभा पा रहे हैं।
मुख्यमंत्री को खतरा और उनके अत्यधिक दौरे को देखते हुए पुलिस के सुरक्षा विभाग ने यह प्रस्ताव तैयार किया है। डीजीपी की सहमति मिलते ही इस पर अमल किया जाएगा। सूत्रों का कहना है कि एडीजी सुरक्षा विजय कुमार ने इस आशय का प्रस्ताव डीजीपी ओपी सिंह को भेजा है। इसमें कहा गया है कि मुख्यमंत्री की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत बनाए रखने के लिए उनकी सुरक्षा में तैनात सुरक्षाकर्मियों का चुस्त-दुरुस्त होना बेहद जरूरी है। वर्तमान में मुख्यमंत्री के प्रदेश एवं बाहरी प्रदेश के जिलों में अधिक संख्या में हो रहे दौरे हो रही हैं। इन दौरों को देखते हुए उनकी सुरक्षा में नियुक्त सुरक्षाकर्मियों की कार्य दक्षता का आकलन करने के बाद मुख्यमंत्री की सुरक्षा में तैनात सुरक्षाकर्मियों को हटाते हुए उनका उनके स्थान पर चुस्त दुरुत्स सुरक्षाकर्मियों को नियुक्त किए जाने की जरूरत महसूस की जा रही है।