
UP Congress Rally: लोकतंत्र, संविधान और नागरिकों के मताधिकार की रक्षा के मुद्दे पर कांग्रेस ने दिल्ली में होने वाली अपनी ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ महारैली की तैयारियां तेज कर दी हैं। आगामी 1 नवंबर 2026 को दिल्ली के ऐतिहासिक रामलीला मैदान में प्रस्तावित इस महारैली में उत्तर प्रदेश से अधिक से अधिक कार्यकर्ताओं और लोकतंत्र समर्थक नागरिकों की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने संगठनात्मक स्तर पर व्यापक तैयारी की है। प्रदेश के सभी छह जोन और 75 जिलों में नेताओं तथा कार्यकर्ताओं को सक्रिय किया गया है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष आराधना मिश्रा ‘मोना’ स्वयं तैयारियों की निगरानी कर रही हैं। पार्टी का दावा है कि उत्तर प्रदेश की भागीदारी के जरिए महारैली को व्यापक स्वरूप देने की तैयारी है।
महारैली की तैयारियों को लेकर कांग्रेस ने प्रदेश मुख्यालय स्थित कनेक्ट सेंटर यानी कांग्रेस वार रूम को सक्रिय किया है। पार्टी के अनुसार दिल्ली स्थित वार रूम से राष्ट्रीय महासचिव एवं प्रभारी संगठन केसी वेणुगोपाल तैयारियों की निगरानी कर रहे हैं। वहीं, उत्तर प्रदेश में कनेक्ट सेंटर के माध्यम से सभी छह जोन, 75 जिलों, फ्रंटल संगठनों, विभागों और प्रकोष्ठों की गतिविधियों की लगातार समीक्षा की जा रही है।
प्रदेश अध्यक्ष आराधना मिश्रा ‘मोना’ के नेतृत्व में जिला स्तर से लेकर प्रदेश स्तर तक समन्वय स्थापित किया गया है। कार्यकर्ताओं को दिल्ली पहुंचाने, यात्रा व्यवस्था बनाने और अधिकतम भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए जिम्मेदारियां निर्धारित की गई हैं। पार्टी का प्रयास है कि किसी भी जिले में तैयारियों को लेकर समन्वय की कमी न रहे और सभी संगठनात्मक इकाइयां एक साथ काम करें।
आराधना मिश्रा ‘मोना’ ने बताया कि प्रदेश के सभी छह जोन पश्चिम, बृज, अवध, बुंदेलखंड, प्रयाग और पूर्वांचल में संगठनात्मक बैठकें आयोजित की जा चुकी हैं। इन बैठकों में जिला अध्यक्षों, वरिष्ठ नेताओं और संगठन के पदाधिकारियों के साथ दिल्ली रैली में भागीदारी को लेकर चर्चा की गई है। सभी 75 जिलों में कार्यकर्ताओं को दिल्ली पहुंचाने के लिए विस्तृत कार्ययोजना तैयार की गई है। पार्टी के फ्रंटल संगठनों, विभागों और प्रकोष्ठों को भी जिम्मेदारियां दी गई हैं। संगठन का जोर केवल कांग्रेस कार्यकर्ताओं तक सीमित रहने के बजाय लोकतंत्र और मताधिकार के मुद्दे पर आम नागरिकों तथा सामाजिक संगठनों से संवाद बढ़ाने पर भी है।
प्रदेश कांग्रेस प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम भी महारैली की तैयारियों को लेकर सक्रिय हैं। पार्टी की ओर से उन्हें प्रदेश स्तर पर समन्वय और संवाद की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दी गई है। उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के वरिष्ठ नेताओं को अलग-अलग जिलों में तैयारियों की निगरानी के लिए लगाया गया है। ये नेता जिला अध्यक्षों और स्थानीय कार्यकर्ताओं के संपर्क में रहकर दिल्ली पहुंचने की व्यवस्था तथा संगठनात्मक गतिविधियों का जायजा ले रहे हैं। राजेंद्र पाल गौतम की ओर से सिविल सोसाइटी, सामाजिक संगठनों और प्रबुद्ध नागरिकों से भी संवाद किया जा रहा है। कांग्रेस का प्रयास है कि मताधिकार और लोकतांत्रिक व्यवस्था से जुड़े मुद्दों को व्यापक सामाजिक भागीदारी के साथ उठाया जाए। राजेंद्र पाल गौतम ने कहा कि ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ केवल किसी राजनीतिक रैली का नारा नहीं, बल्कि संविधान, लोकतंत्र और प्रत्येक नागरिक के मताधिकार की रक्षा का संकल्प है।
महारैली में पश्चिमी उत्तर प्रदेश से अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए प्रदेश कांग्रेस कमेटी के कार्यकारी अध्यक्ष एवं सांसद इमरान मसूद ने मोर्चा संभाला है। पार्टी के मुताबिक, वह अब तक 30 से अधिक संगठनात्मक बैठकें कर चुके हैं। पश्चिमी यूपी के विभिन्न जिलों और क्षेत्रों में दौरे कर उन्होंने कांग्रेसजनों के साथ आम लोगों से भी दिल्ली पहुंचने की अपील की है।
इमरान मसूद ने कहा कि लोकतंत्र में वोट सबसे बड़ी ताकत है और इस अधिकार की रक्षा करना हर नागरिक की जिम्मेदारी है। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार आम जनता के संवैधानिक अधिकार यानी मताधिकार को प्रभावित करने का प्रयास कर रही है। कांग्रेस इसे किसी कीमत पर स्वीकार नहीं करेगी। उनके अनुसार, लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए जनता की भागीदारी जरूरी है। वहीं, पूर्वी उत्तर प्रदेश से अधिक संख्या में कार्यकर्ताओं को दिल्ली पहुंचाने की जिम्मेदारी वरिष्ठ प्रदेश उपाध्यक्ष देवेंद्र निषाद और आलोक प्रसाद को सौंपी गई है। दोनों नेता जोनवार और जिलावार बैठकें कर संगठन के पदाधिकारियों तथा कार्यकर्ताओं के साथ समन्वय बना रहे हैं।
राजेंद्र पाल गौतम ने कहा कि कांग्रेस लोकतंत्र और संविधान की रक्षा के मुद्दे पर लगातार आवाज उठा रही है। उनके मुताबिक, राहुल गांधी के नेतृत्व में ही भारत के संविधान और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा का संघर्ष आगे बढ़ेगा। उन्होंने कहा कि वोट जनता की सबसे बड़ी लोकतांत्रिक ताकत है और इसकी सुरक्षा हर जागरूक नागरिक की जिम्मेदारी है। उन्होंने हाल ही में राहुल गांधी के नेतृत्व में आयोजित सुप्रीम कोर्ट मार्च का भी उल्लेख किया। उनके अनुसार, उस कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश से बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भाग लिया था। पार्टी अब 1 नवंबर को रामलीला मैदान में होने वाली महारैली में भी प्रदेश से व्यापक भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए प्रयास कर रही है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष आराधना मिश्रा ‘मोना’ ने विश्वास जताया कि उत्तर प्रदेश से बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता और लोकतंत्र समर्थक नागरिक दिल्ली पहुंचेंगे। उन्होंने प्रदेश के सभी कांग्रेसजनों से अनुशासन, एकजुटता और प्रतिबद्धता के साथ महारैली में शामिल होने का आह्वान किया है। कांग्रेस की ओर से जारी जानकारी के मुताबिक, संगठन की प्राथमिकता दिल्ली रैली के लिए सभी जिलों से बेहतर समन्वय और भागीदारी सुनिश्चित करना है। पार्टी इस आयोजन के माध्यम से मताधिकार की सुरक्षा, संविधान के सम्मान और लोकतांत्रिक मूल्यों से जुड़े मुद्दों को राष्ट्रीय स्तर पर उठाना चाहती है। 1 नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में होने वाली महारैली के लिए उत्तर प्रदेश कांग्रेस ने संगठनात्मक तैयारियों को अंतिम रूप देना शुरू कर दिया है। अब नजर इस बात पर रहेगी कि छह जोन और 75 जिलों में चल रही तैयारियां रैली के दिन कितनी बड़ी भागीदारी में तब्दील होती हैं।