
लखनऊ. ग्राउंड ब्रेंकिग सेरेमनी (UP Groundbreaking ceremony 2) में रविवार को कई परियोजनाओं का शिलान्यास हुआ। सबसे 65000 करोड़ के निवेश के साथ यूपी में विकास और रोजगार को बढ़ावा देने की कवायद में सरकार ने एक बड़ा कदम आगे बढ़ाया है। वहीं पिछली ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी की तुल्ना में इस बार परियोजनाओं में भी बड़ा इजाफा हुआ है। बीते वर्ष हुई ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी में 81 परियोजनाओं की नींव रखी गई थी। जिनमें 35 में तो उत्पादन चालू हो चुका है। वहीं बाकी में उत्पादन शुरू होने से पहले का काम जारी है। इस बार 290 निवेश परियोजनाओं की नींव रखी गई है। मतलब पिछली बार की तुलना में इन्वेस्टमेंट की राशि में तो ज्यादा फर्क नहीं हैं, लेकिन परियोजनाओं की संख्या में जमीन आसमान का फर्क हैं। वहीं सबसे ज्यादा जोर पश्चिम यूपी में दिया गया है।
पश्चिम यूपी में सबसे ज्यादा निवेश-
द्वितीय सेरेमनी में सबसे ज्यादा जोर पश्चिम यूपी में दिया गया है। करीब 158 प्रोजेक्ट यहां स्थापित होंगे। कुल निवेश का करीब आधा हिस्सा, मतलब करीब 38,359 करोड़ रुपये का निवेश पश्चिम यूपी में चलने वाली परियोजनाओं में किया गया है। दूसरे नंबर पर मध्यांचल हैं, जहां करीब 54 प्रोजेक्ट स्थापित होंगे। यहां करीब 9,068 करोड़ का निवेश किया जा रहा। तीसरे नंबर पर है पूर्वांचल, जहां 5,580 करोड़ के 38 प्रोजेक्ट स्थापित जाएंगे। चौथे नंबर पर और सबसे कम निवेश बुंदेलखंड में हुआ है जहां 11 प्रोजेक्ट स्थापित हो रहे हैं। यहां पर 2,634 करोड़ का निवेश होगा। इसके अलावा 9216 करोड़ के 29 प्रोजेक्ट राज्य के अलग-अलग हिस्सों में स्थापित होंगे।