UP Weather: उत्तर प्रदेश में पश्चिमी विक्षोभ के असर से मौसम बदला हुआ है। लखनऊ, सीतापुर, अयोध्या समेत 40 जिलों में बारिश, आंधी और बिजली को लेकर आईएमडी ने येलो अलर्ट जारी किया है।
UP Weather Alert: उत्तर प्रदेश में मई के महीने में जहां आमतौर पर भीषण गर्मी और लू का प्रकोप देखने को मिलता है, वहीं इस बार मौसम ने अचानक करवट लेकर लोगों को राहत पहुंचाई है। प्रदेश के अधिकांश जिलों में बीते कई दिनों से तेज आंधी, बारिश और बादलों की आवाजाही ने गर्मी के तेवर को पूरी तरह से कमजोर कर दिया है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने प्रदेश के लगभग 40 जिलों में बारिश, तेज हवाओं और बिजली गिरने को लेकर येलो अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने के कारण यह बदलाव देखने को मिल रहा है।
लखनऊ, सीतापुर, अयोध्या, बरेली, पीलीभीत, शाहजहांपुर, बाराबंकी, गोंडा, बहराइच, गोरखपुर, देवरिया, बलिया, मऊ, आजमगढ़ समेत कई जिलों में बादलों की आवाजाही और रुक-रुक कर हो रही बारिश ने लोगों को गर्मी से बड़ी राहत दी है। मौसम का यह बदला हुआ स्वरूप लोगों के लिए किसी राहत भरी सौगात से कम नहीं माना जा रहा।
आईएमडी ने जिन जिलों में अलर्ट जारी किया है उनमें बरेली, पीलीभीत, बदायूं, कांशीराम नगर, एटा, फिरोजाबाद, आगरा, मैनपुरी, इटावा, औरैया, फर्रुखाबाद, कन्नौज, हरदोई, सीतापुर, लखीमपुर खीरी, बहराइच, लखनऊ, अयोध्या, बस्ती, गोंडा, शाहजहांपुर, बाराबंकी, श्रावस्ती, बलरामपुर, सिद्धार्थनगर, महाराजगंज, संतकबीरनगर, अंबेडकरनगर, गोरखपुर, आजमगढ़, मऊ, बलिया, कुशीनगर, देवरिया, गाजीपुर, सोनभद्र और चंदौली प्रमुख रूप से शामिल हैं।
मौसम विभाग ने इन जिलों में तेज हवाएं चलने, गरज-चमक के साथ बारिश होने और कुछ स्थानों पर बिजली गिरने की आशंका जताई है। विभाग ने लोगों से सतर्क रहने और खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की है।
प्रदेश में लगातार हो रही बारिश और ठंडी हवाओं के कारण तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है। बीते कुछ दिनों में अधिकतम तापमान में करीब 7 से 10 डिग्री सेल्सियस तक की कमी आई है। इसका असर यह हुआ कि मई के महीने में भी लोगों को ठंडक महसूस हो रही है।
राजधानी लखनऊ सहित कई शहरों में लोगों ने अपने घरों में चल रहे कूलर और एसी बंद कर दिए हैं। सुबह और रात के समय हल्की ठंडी हवा चलने से मौसम सुहावना बना हुआ है। पार्कों और सड़कों पर लोगों की भीड़ बढ़ गई है क्योंकि लंबे समय बाद मई में ऐसा आरामदायक मौसम देखने को मिल रहा है। लोगों का कहना है कि अप्रैल के अंतिम सप्ताह तक जहां भीषण गर्मी परेशान कर रही थी, वहीं अब मौसम पूरी तरह बदल गया है। दिनभर बादल छाए रहने और हल्की बारिश के कारण धूप का असर कम हो गया है।
मौसम में आए इस बदलाव का असर खेती-किसानी पर भी सकारात्मक रूप से दिखाई दे रहा है। किसानों का कहना है कि हल्की बारिश से खेतों में नमी बनी हुई है, जिससे फसलों को फायदा मिल रहा है। खासतौर पर सब्जियों और दलहन की खेती करने वाले किसानों को इससे राहत मिली है।
हालांकि मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि तेज आंधी और ओलावृष्टि की स्थिति बनने पर फसलों को नुकसान भी हो सकता है। इसलिए किसानों को सतर्क रहने और मौसम विभाग की सलाह का पालन करने को कहा गया है। ग्रामीण इलाकों में बारिश के बाद तापमान कम होने से पशुओं को भी राहत मिली है। गर्मी से परेशान पशुधन के लिए यह मौसम अनुकूल माना जा रहा है।
मौसम विभाग के अनुसार फिलहाल पश्चिमी विक्षोभ का असर बना रहेगा, लेकिन आने वाले दिनों में धीरे-धीरे तापमान फिर बढ़ना शुरू होगा। अगले सात दिनों के दौरान अधिकतम तापमान में 6 से 8 डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी होने की संभावना जताई गई है।
हालांकि अगले 48 घंटों तक न्यूनतम तापमान में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है। इस दौरान प्रदेश के कई हिस्सों में बादल छाए रह सकते हैं और कहीं-कहीं हल्की बारिश भी हो सकती है। मौसम वैज्ञानिक अतुल सिंह का कहना है कि मौसम का यह उतार-चढ़ाव आने वाले दिनों में जारी रह सकता है। दिन में गर्मी और शाम को बारिश जैसी स्थिति देखने को मिल सकती है।
आईएमडी ने लोगों को खराब मौसम के दौरान विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। मौसम विभाग ने कहा है कि आंधी और बिजली चमकने के समय घरों में रहना ज्यादा सुरक्षित रहेगा।
मौसम विभाग का कहना है कि थोड़ी सी सावधानी लोगों को बड़े हादसों से बचा सकती है।
बारिश और ठंडी हवाओं ने शहरों की फिजा को पूरी तरह बदल दिया है। लखनऊ, अयोध्या, गोरखपुर और सीतापुर जैसे शहरों में लोग शाम के समय पार्कों और बाजारों में घूमते नजर आए। चाय और पकौड़ों की दुकानों पर लोगों की भीड़ बढ़ गई। स्कूल और कॉलेज जाने वाले छात्रों ने भी इस मौसम का आनंद लिया। कई जगहों पर हल्की बूंदाबांदी के बीच लोगों ने सेल्फी और वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर साझा किए।व्यापारियों का कहना है कि मौसम सुहावना होने से बाजारों में ग्राहकों की संख्या बढ़ी है। गर्मी से राहत मिलने के कारण लोग खरीदारी के लिए बाहर निकल रहे हैं।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार उत्तर भारत में सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के कारण उत्तर प्रदेश का मौसम प्रभावित हुआ है। अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी के कारण प्रदेश में बादल बन रहे हैं और बारिश हो रही है। कहना है कि मई के शुरुआती दिनों में इस तरह का मौसम सामान्य नहीं माना जाता, लेकिन पिछले कुछ वर्षों में मौसम के पैटर्न में तेजी से बदलाव देखने को मिल रहा है।
उन्होंने कहा कि जलवायु परिवर्तन और वैश्विक तापमान वृद्धि के कारण मौसम की अनिश्चितता बढ़ रही है। कभी अचानक गर्मी बढ़ जाती है तो कभी बारिश और आंधी का दौर शुरू हो जाता है।
फिलहाल उत्तर प्रदेश के लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली हुई है। मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले दो से तीन दिनों तक मौसम का यही रुख बना रह सकता है। बीच-बीच में बादल छाने और हल्की बारिश होने की संभावना बनी रहेगी। हालांकि इसके बाद तापमान में तेजी से बढ़ोतरी हो सकती है। ऐसे में लोगों को आने वाली गर्मी के लिए तैयार रहने की सलाह दी गई है। फिलहाल बारिश, ठंडी हवाओं और बादलों ने मई की तपिश को काफी हद तक कम कर दिया है। सुहाने मौसम का आनंद लेते हुए लोग इसे प्रकृति की राहत भरी सौगात मान रहे हैं।