UP Weather Forecast : मौसम विभाग का पूर्वानुमान है कि पहाड़ों पर लगातार हो रही बर्फबारी और पश्चिमी हवाओं के चलने के कारण अगले 7 दिनों तक ठंड से राहत मिलने की संभावना नहीं है।
पत्रिका न्यूज नेटवर्क
लखनऊ. UP Weather Forecast. उत्तर प्रदेश में सर्दी का सितम जारी है। कड़ाके की ठंड से जनजीवन पूरी तरह से अस्त-व्यस्त हो गया है। इंसान ही नहीं बेजुबान भी ठिठुर रहे हैं। सड़कों पर सन्नाटा है, सिर्फ नौकरी पेशा लोग ही नजर आते हैं। किसान और पशुपालक भी ठंड से परेशान हैं। गलनभरी सर्दी और घने कोहरे ने वाहनों की रफ्तार पर ब्रेक सा लगा दिया है। बीते चार-पांच दिनों से सूर्यदेव भी बादलों के पीछे छिप से गये हैं और धीमे-धीमे चलने वाली पछुआ हवायें गर्म कपड़ों के बावजूद अंदर तक पेबस्त हो जा रही हैं। पहले तो रात में ही भीषण ठण्ड पड़ रही थी, लेकिन अब दोपहर में भी ठण्ड के मारे कंपकपी छूट जा रही है। प्रदेश के ज्यादातर शहरों का अधिकतम तापमान 15 डिग्री सेल्सियस के पार नहीं जा पा रहा है। पूर्वांचल के कुछ इलाकों और पश्चिमी यूपी के कुछ आइसोलेटेड एरिया में कोल्ड डे या कोल्ड डे जैसी कंडीशन का लोगों को सामना करना पड़ रहा है।
मंगलवार को मेरठ उत्तर प्रदेश का सबसे ठंडा शहर रहा। यहां रात का न्यूनतम तापमान 2.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। दूसरे नंबर पर रायबरेली रहा, जहां तापमान 3.5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। इसके अलावा झांसी में 4 डिग्री और मुजफ्फरनगर में न्यूनतम तापमान 4.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। राजधानी लखनऊ समेत कई शहरों में बुधवार को भी दिन की शुरुआत घने कोहरे और कड़ाके की ठंड के साथ हुई। जैसे-जैसे दिन चढ़ा आसमान में बादल छा गये और धीमे-धीमे चलने वाली हवाओं ने सर्दी में इजाफा कर दिया। बुधवार को लखनऊ में अधिकतम तापमान 17 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 07 डिग्री सेल्सियस रहने की उम्मीद है।
मौसम अपडेट : अभी ठंड से राहत नहीं
मौसम विभाग ने ठंड से राहत मिलने की सभी संभावनाओं पर विराम लगा दिया है। मौसम विभाग का पूर्वानुमान है कि पहाड़ों पर लगातार हो रही बर्फबारी और पश्चिमी हवाओं के चलने के कारण अगले 7 दिनों तक ठंड से राहत मिलने की संभावना नहीं है। इस दौरान बदली छाई रहेगी, लेकिन कहीं-कहीं छिटपुट धूप भी निकल सकती है। आचार्य नरेन्द्रदेव कृषि एवं प्रद्योगिकी विश्वविद्यालय कुमारगंज अयोध्या के मौसम विज्ञानी एवं कृषि विज्ञान केन्द्र बरासिन सुलतानपुर के मौसम पर्यवेक्षक डॉ. विनय कुमार का पूर्वानुमान है कि अभी एक सप्ताह तक मौसम में किसी भी प्रकार का परिवर्तन नहीं होगा। अगले 48 घण्टों में न्यूनतम तापमान और गिरेगा। आसमान में बदली छाई रहेगी और कहीं कहीं बूंदाबांदी भी हो सकती, जिससे सर्दी का सितम और बढ़ेगा।
यह भी पढ़ें : सर्दी का सितम जारी, घरों में दुबके लोग
फसलों के उत्पादन पड़ेगा असर
जिला कृषि अधिकारी विनय कुमार वर्मा ने कहा कि इस समय जैसा मौसम गतिशील है, वह फसलों के लिए कतई फायदेमंद नहीं है। उन्होंने बताया कि लगातार कोहरा गिरने और धूप न निकलने से फसलों की बढ़त रुक जाती है। अगर एक-दो दिन में मौसम के बदलाव के साथ तापमान नहीं बढ़ा और धूप नहीं हुई तो फसलों के उत्पादन पर असर पड़ेगा, जिससे फसलों का उत्पादन करीब 30 प्रतिशत तक घट सकता है। वहीं, कृषि विज्ञान केन्द्र बरासिन के प्रभारी वैज्ञानिक डॉ. एसके वर्मा ने बताया कि अगर इस समय बारिश होती है तो दलहनी फसलों और तिलहनी फसलों को नुकसान हो सकता है, क्योंकि शीतकालीन बारिश के साथ ओले गिरने की भी संभावना अधिक रहती है, जो फसलों के लिए घातक साबित होता है। उन्होंने बताया कि जब न्यूनतम तापमान 5 डिग्री सेल्सियस से कम हो जाता है, तभी पाला पड़ने की संभावना ज्यादा रहती है।