Rohtas Apartment Fire Incident: लखनऊ के अयोध्या रोड स्थित रोहतास अपार्टमेंट में लगी आग से बचने के प्रयास में एक महिला ने दूसरी मंजिल से छलांग लगा दी, जिससे उसकी मौत हो गई। हादसे में पति गंभीर रूप से झुलस गया, जबकि अमेरिका से आई बेटी को फायर ब्रिगेड ने सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
Rohtas Apartment Fire Update: राजधानी लखनऊ में सोमवार सुबह एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई, जहां फ्लैट में लगी भीषण आग से बचने के प्रयास में एक महिला ने दूसरी मंजिल की छत से छलांग लगा दी। सिर में गंभीर चोट लगने के कारण महिला की मौके पर ही हालत नाजुक हो गई और अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस दर्दनाक हादसे में महिला का पति भी आग की चपेट में आकर गंभीर रूप से झुलस गया, जबकि अमेरिका से लखनऊ आई उनकी बेटी को फायर ब्रिगेड की मदद से सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। यह घटना 12 जनवरी 2026 की सुबह करीब 7:09 बजे गाजीपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत अयोध्या रोड स्थित नीलगिरी चौराहा के पास रोहतास अपार्टमेंट में हुई, जिसने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया।
पुलिस के अनुसार, सोमवार सुबह कंट्रोल रूम के माध्यम से सूचना प्राप्त हुई कि रोहतास अपार्टमेंट, रविन्द्रपल्ली, नीलगिरी चौराहा, अयोध्या रोड स्थित फ्लैट संख्या 73 और 74 में आग लग गई है। सूचना मिलते ही प्रभारी निरीक्षक गाजीपुर, HAL चौकी प्रभारी, रात्रि अधिकारी तथा पुलिस बल तत्काल मौके पर पहुंचा। मौके पर जांच के दौरान पता चला कि फ्लैट संख्या 73 और 74 के स्वामी हसीन अहमद हैं, जिनमें से फ्लैट संख्या 74 में सैय्यद मोहम्मद अम्मार रिजवी अपने परिवार के साथ निवास कर रहे थे। इसी फ्लैट में अचानक आग भड़क उठी।
आग लगने के समय फ्लैट के अंदर निदा रिजवी (लगभग 45 वर्ष), उनके पति सैय्यद मोहम्मद अम्मार रिजवी (लगभग 50 वर्ष) और उनकी पुत्री जारा रिजवी (लगभग 20 वर्ष) मौजूद थे। आग तेजी से फैलने लगी और धुएं से पूरा फ्लैट भर गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, चारों ओर धुआं और आग की लपटें देख घबराई निदा रिजवी ने जान बचाने के लिए दूसरी मंजिल की छत से नीचे छलांग लगा दी। नीचे गिरते ही उनके सिर में गंभीर चोटें आईं और वे अचेत हो गईं।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और एंबुलेंस की मदद से निदा रिजवी को तत्काल डॉ. राम मनोहर लोहिया अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। महिला की असामयिक और दर्दनाक मौत से परिजनों में कोहराम मच गया।
वहीं आग बुझाने और बाहर निकलने के प्रयास में पति सैय्यद मोहम्मद अम्मार रिजवी भी आग की चपेट में आ गए और गंभीर रूप से झुलस गए। उन्हें भी उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है।
इस हादसे के समय दंपती की बेटी जारा रिजवी, जो अमेरिका में रहती हैं, इन दिनों लखनऊ आई हुई थीं। आग लगने के दौरान वह कमरे में फंसी हुई थीं। सूचना पर पहुंची फायर ब्रिगेड की टीम ने तत्परता दिखाते हुए जारा रिजवी को सुरक्षित रेस्क्यू कर बाहर निकाल लिया। फायर कर्मियों की सूझबूझ और त्वरित कार्रवाई के चलते एक और बड़ी जनहानि टल गई।
घटना की गंभीरता को देखते हुए मौके पर फायर ब्रिगेड की पांच गाड़ियां भेजी गईं। दमकल कर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह काबू पाया। आग बुझने के बाद पूरे अपार्टमेंट को सुरक्षित घोषित किया गया। फायर विभाग के अधिकारियों के अनुसार, समय रहते आग पर काबू पा लिया गया, अन्यथा आसपास के फ्लैटों में भी आग फैल सकती थी।
सुबह-सुबह आग और महिला की मौत की खबर फैलते ही रोहतास अपार्टमेंट और आसपास के इलाके में अफरा-तफरी मच गई। बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौके पर जुट गए। अपार्टमेंट में रहने वाले अन्य परिवारों को भी एहतियातन बाहर निकाल लिया गया।
गाजीपुर थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और शव का पंचायतनामा भरकर पोस्टमार्टम की प्रक्रिया शुरू कर दी है। आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है। प्रारंभिक जांच में शॉर्ट सर्किट की आशंका जताई जा रही है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही होगी। इस हादसे पर स्थानीय प्रशासन और पुलिस अधिकारियों ने गहरा शोक व्यक्त किया है। अधिकारियों ने कहा कि घटना अत्यंत दुखद है और आग लगने के कारणों की गहन जांच की जाएगी, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।
इस दर्दनाक घटना के बाद अपार्टमेंट में अग्नि सुरक्षा व्यवस्थाओं को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि ऊंची इमारतों में फायर सेफ्टी उपकरणों और इमरजेंसी एग्जिट की व्यवस्था और मजबूत होनी चाहिए।