महोबा में मां दुर्गा की प्रतिमा विसर्जन के दौरान उस समय हंगामा मच गया, जब दो युवकों की तालाब में डूबने से मौत हो गई। दोनों युवक दोस्त थे।
महोबा. महोबा में मां दुर्गा की प्रतिमा विसर्जन के दौरान उस समय हंगामा मच गया, जब दो युवकों की तालाब में डूबने से मौत हो गई। दोनों युवक दोस्त थे। घटना से मृतक युवकों के परिवार में कोहराम मच गया। मृतकों के परिजन इसे प्रशासन की लापरवाही बता रहे हंै। वहीं, पुलिस ने तालाब में से शव निकलावकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
काफी अच्छी दोस्ती थी दोनों में
जानकारी के मुताबिक शहर कोतवाली क्षेत्र के राठ रोड स्थित कांशीराम कॉलोनी में रहने वाले राहुल सोनी औऱ जितेंद्र चौरसिया खास दोस्त थे। राहुल अपने परिवार का इकलौता चिराग था। छह बहनों में राहुल बड़ी मन्नतों और पूजा पाठ के बाद पैदा हुआ था। दोनों युवकों का अच्छा दोस्ताना था। शनिवार को देवी विसर्जन के लिए दोनों दोस्त एक साथ घर से निकले थे, पर उनके परिवार को नहीं पता था कि ये दोनों अब कभी वापस लौटकर घर नहीं आएंगे।
डूबने की सूचना से मची अफरा-तफरी
दरअसल, देवी विसर्जन के लिए जिला प्रशासन द्वारा की गई व्यवस्था में चूक होने से ये हादसा घटित हुआ है। प्रशासन ने विसर्जन में चिन्हित घाट के अलावा गहराई वाले स्थानों में मूर्ति विसर्जन पर रोक नहीं लगाई, जिससे ये दोनों दोस्त अपनी मंडली के साथ गहराई वाले स्थान में विसर्जन करने लगे। इसी दौरान दोनों युवक गहराई में चले गए, जिससे दोनों युवक तालाब में डूूब गए। युवकों के तालाब में डूबने से मौके पर अफारा-तफरी मच गई, जब तक कोई कुछ समझ पाता और मदद करता उससे पहले ही दोनों युवक पानी में डूब चुके थे।
जिला प्रशासन पर लापरवाही का लगाया आरोप
किसी तरह स्थानीय मछुआरों ने दोनों शवों को बाहर निकाला और जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इस घटना से मृतकों के परिवार में चीख पुकार मच गई। विसर्जन में मौत की खबर मिलते ही आला अधिकारी भी मौके पर पहुंच गए। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। इस घटना को लेकर परिजनों का आरोप है कि प्रशासन की लापरवाही से उनके बच्चों की मौत हुई है। जबकि प्रशासन इसे महज हादसा बता रहा है। एएसपी वंशराज यादव का कहना है कि दोनों युवक विसर्जन के बाद नहाने गए थे, तभी उनकी डूबने से मौत हो गई।