
Tower wagon derailed: मध्य प्रदेश के मंदसौर में एक बड़ा रेल हादसा सोमवार सुबह बड़ा रेल हादसा (Rail accident) होने से बच गया। मंदसौर रेलवे स्टेशन पर सोमवार को रेलवे ट्रैक के रखरखाव कार्य के दौरान टावर वैगन पटरी से उतर गई। हादसे के बाद रेल यातायात ठप हो गया। सूचना मिलते ही रेलवे के अधिकारी मौके के लिए रवाना हो गए। वैगन को पटरी पर लाने और रेल यातायात बहाल करने के प्रयास किए जाने की संभावना है।
मंदसौर-रतलाम रेल सेक्शन पर हाल ही में दोहरीकरण का कार्य पूरा होने के बाद यात्री और मालगाड़ियों का परिचालन शुरू हुआ है। इसके साथ ही रेलवे ट्रैक के रखरखाव और अन्य तकनीकी कार्य भी जारी हैं। इसी दौरान मंदसौर रेलवे स्टेशन पर टावर वैगन पटरी से उतर गई।
घटना के कारण रेल परिचालन प्रभावित हुआ है। फिलहाल रेल यातायात ठप होने की सूचना है। हादसे के कारणों का पता अधिकारियों के मौके पर पहुंचने और तकनीकी जांच के बाद ही चल सकेगा। रेलवे की टीम वैगन को दोबारा पटरी पर लाने तथा परिचालन बहाल करने की दिशा में कार्रवाई करेगी।
दोहरीकरण के बाद इस रेल सेक्शन पर ट्रेनों का संचालन शुरू होने के बीच रखरखाव कार्य के दौरान हुई इस घटना से रेल परिचालन पर असर पड़ा है। हालांकि, हादसे में किसी के घायल होने या नुकसान की आधिकारिक जानकारी फिलहाल सामने नहीं आई है।
रेलवे की टीम ने वैगन को दोबारा ट्रैक पर लाने के लिए सुधार कार्य शुरू किया। अधिकारियों की निगरानी में क्रेन की सहायता से पहियों को पटरी पर चढ़ाया गया। हादसा किन परिस्थितियों में हुआ, इसकी वास्तविक वजह जांच के बाद ही स्पष्ट होगी। मंदसौर-रतलाम रेल सेक्शन पर दोहरीकरण का काम पूरा होने के बाद यात्री और मालगाड़ियों का परिचालन शुरू हुआ है। इसके साथ ही ट्रैक और बिजली लाइनों के रखरखाव का काम भी जारी है।
रेल मंडल में इससे पहले 15 अक्टूबर की रात धोसवास-बंजली रेल फाटक के बीच कार फंसने से हिसार एक्सप्रेस का इंजन उससे टकरा गया था। अगले दिन, 16 अक्टूबर को देवास सेक्शन में गोवा एक्सप्रेस रखरखाव ट्रॉली से टकरा गई थी। इस हादसे में दो रेल कर्मचारियों की मौत हुई थी, जबकि चार गंभीर रूप से घायल हुए थे। अब मंदसौर में टावर वैगन के पटरी से उतरने की घटना ने रेल परिचालन की सुरक्षा व्यवस्था पर फिर सवाल खड़े कर दिए हैं।