- जून में विदेश Foreign Investors ने Share Market में लगाए 26 हजार करोड़ रुपए- मार्च, अप्रैल और मई के दौरान Foreign Investers की ओर से कई गई थी निकासी- आखिरी बार मार्च 2019 में देखने को मिला Foreign Investers का बड़ा Investment
नई दिल्ली। भले ही विदेशी एजेंसियों की ओर से इंडियन इकोनॉमी ( Indian Economy ) की ग्रेडिंग को कम किया हो, लेकिन विदेशी निवेशकों का विश्वास काफी बढ़ा है। शेयर बाजार ( Share Market ) में विदेशी निवेशकों के निवेश ( Foreign Investers Investment ) के देखें तो 15 महीने के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया है। यह आंकड़े तब आए हैं, जब विदेशी निवेशक बाजार से लगातार तीन महीनों से अपना रुपया निकाल रहे थे। मार्च में विदेशी निवेशकों की ओर एक लाख करोड़ रुपए से ज्यादा बाजार से निकाल लिया था।
26 हजार करोड़ रुपए बाजार में आए
कोविड-19 महामारी के डर से लगातार तीन महीने की बिकवाली के बाद विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (एफपीआई) ने जून में एक बार फिर लिवाली की है। आधिकारिक जानकारी के अनुसार, एफपीआई ने पिछले महीने घरेलू पूंजी बाजार में 344.09 करोड़ डॉलर यानी 26,009.43 करोड़ रुपए की शुद्ध लिवाली की। निवेशकों ने बाजार से जितना पैसा निकाला है उसे बाजार में उनके द्वारा लगाये गए पैसे में से घटाकर शुद्ध लिवाली निकाली जाती है। आलोच्य महीने में उन्होंने 288.96 करोड़ डॉलर के शेयर खरीदे जबकि 20.43 करोड़ डॉलर के डेट बेचे।
फरवरी के बाद एक बार फिर से विदेशी निवेशकों का बढ़ा विश्वास
फरवरी के बाद पहली बार एफपीआई ने बाजार में पैसा लगाया है। मार्च में उन्होंने 1,592.38 करोड़ डॉलर की शुद्ध बिकवाली की थी। अप्रैल में उन्होंने 196.12 करोड़ डॉलर और मई में 97.25 करोड़ डॉलर निकाले थे। इस कैलेंडर वर्ष के पहले छह महीने में एफपीआई शुद्ध रूप से बाजार से 1,399.91 करोड़ डॉलर की निकासी कर चुके हैं।