आरबीआई गवर्नर शक्तिकांत दास ने टेलीकॉम शुल्क पर दिया बड़ा बयान टेलीकॉम कंपनियों के फैसले से पड़ सकता है महंगाई पर और ज्यादा प्रभाव
नई दिल्ली। निकट भविष्य में महंगाई ज्यादा होने की चिंता जाहिर करते हुए रिजर्व बैंक के गवर्नर शक्तिकांत दास ( Reserve Bank Governor Shaktikant Das ) ने गुरुवार को कहा कि टेलीकॉम ऑपरेटर्स ( telecom operators ) द्वारा हाल में टैरिफ बढ़ाने की घोषणा से देश में महंगाई दर ( Inflation rate ) बढ़ेगी। भारतीय रिजर्व बैंक ( reserve bank of india ) ने गुरुवार को आश्चर्यजनक रूप से रेपो रेट ( repo rate ) को 5.15 फीसदी पर बनाए रखने का फैसला लिया। इसके पीछे उच्च महंगाई दर ( high inflation rate ) व खाद्य महंगाई ( Food Inflation ) के आगे बढऩे की संभावना का हवाला दिया गया।
नीति घोषणा के बाद मीडिया के साथ बातचीत में दास ने कहा, "कोर महंगाई के संदर्भ में इसके वर्तमान जोन में इसी तरह बने रहने की उम्मीद है, जो 4 फीसदी से नीचे है, लेकिन कुछ साक्ष्य से पता चलता है कि टेलीकॉम व अन्य से जुड़े कुछ फैसले भूमिका निभाएंगे। उनका महंगाई पर प्रभाव पड़ सकता है। यह उम्मीद है कि महंगाई अगले साल के दूसरी तिमाही में 3.8 फीसदी हो सकती है।"
दास ने कहा, "वर्तमान में मंहगाई ज्यादा है, जो खाद्य महंगाई की वजह से है। हमारा आकलन बताता है कि चौथी तिमाही में खाद्य महंगाई के विशेष रूप से बहुत ज्यादा रहने की संभावना है और इसका संतुलन आगामी महीनों में कई कारकों पर निर्भर करता है।"
सभी तीन निजी टेलीकॉम कारोबारी वोडाफोन आइडिया, भारती एयरटेल और जियो ने प्री-पेड टैरिफ प्लान को बढ़ा दिया है और इसमें 40 से 50 फीसदी की बढ़ोतरी की गई है। यह बढ़ोतरी तीन साल बाद की गई और सुप्रीम कोर्ट द्वारा एडजेस्टेड ग्रास रेवेन्यू के मद्देनजर सेक्टर के वित्तीय संकट से गुजरने के बीच की गई है। वोडाफोन आइडिया व एयरटेल की संशोधित दरें मंगलवार से प्रभावी हो गई और जियो की दरें शुक्रवार से प्रभावी होंगी।