
मथुरा. छत्तीसगढ़ के रायपुर से करीब आठ महीने पहले गायब हुई महिला आरक्षी वृंदावन के परिक्रमा मार्ग स्थित बालकिशन आश्रम के समीप से बरामद हुई। महिला आरक्षी के मोबाइल लोकेशन को ट्रेस करती हुई रायपुर के थाना न्यू राजेंद्र नगर पुलिस मथुरा पहुंची थी। सब इंस्पेक्टर गुरविंदर सिंह, एक महिला और एक पुरुष आरक्षी को साथ लेकर बुधवार को वृंदावन आए थे। बताया गया कि महिला आरक्षी अंजना सहिस परिक्रमा मार्ग में किराए पर कंठी माला की दुकान चलाकर अपना जीवन यापन कर रही है।
पूछताछ करने पर भड़की महिला सिपाही
थाने लाकर पूछताछ करने व साथ ले जाने की बात सुनते ही नाराज महिला थाने से बाहर भाग निकली। पुलिसकर्मियों के समझाने पर भी महिला नहीं मानी और सड़क पर बैठकर जमकर हंगामा करने लगी। काफी देर के बाद महिला को समझा-बुझाकर थाने लाया गया। जहां महिला आरक्षी ने रायपुर पुलिस के साथ जाने से इनकार कर दिया। जिसके बाद रायपुर पुलिस ने दो लोगों की सुपुर्दगी में महिला को देकर उनके हस्ताक्षर करा लिए और वापस चले गए।
महिला सिपाही की मां ने दर्ज कराई थी गुमशुदगी
मथुरा जिले के वृन्दावन आए सब इंस्पेक्टर गुरविंदर सिंह ने बताया कि छत्तीसगढ़ के जनपद रायगढ़ की रहने वाली अंजना सहिस रायपुर में पुलिस आरक्षी के पद पर नौकरी करती है। जो 21 नवंबर 2020 को राजेंद्र नगर क्षेत्र से गायब हो गई थी। इस मामले में महिला आरक्षी की मां उषा सहिस ने न्यू राजेंद्र नगर थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई थी।
महिला सिपाही ने लगाया आरोप
वहीं महिला आरक्षी अंजना सहिस ने विभागीय अधिकारियों पर उत्पीड़न करने समेत कई गंभीर आरोप लगाए। महिला के अनुसार वह अपनी मां से भी कोई रिश्ता नहीं रखती है। पढ़ाई के दिनों से ही वह अपनी मां से अलग रहती है। बताया गया है कि महिला का अपने पति रोहित से भी तलाक हो चुका है। वहीं कुछ लोगों द्वारा महिला की मानसिक स्थिति को लेकर भी तरह-तरह के कयास लगाए गए।