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मुख्यमंत्री योगी के आदेश के बाद अथॉरिटी ने खोली एमराल्ड कोर्ट की फाइल, जांच जारी

नोएडा विकास प्राधिकरण ने एसीईओ नेहा शर्मा और एसीईओ प्रवीण कुमार मिश्र की संयुक्त कमेटी को जांच में लगाया है।
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नोएडा

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Nitish Pandey

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Updated: 2 Sep 2021, 4:29 PM IST

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नोएडा. उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ के आदेश के बाद सुपरटेक बिल्डर द्वारा बनाई जा रही एमराल्ड कोर्ट प्रोजेक्ट की फाइल खुल गई है। नोएडा अथॉरिटी के एसीईओ की कमेटी इस मामले की जांच कर रही है। जांच के बाद इस मामले की फाइल शासन को भेजी जाएगी। सीएम योगी ने कहा था कि अगर आवश्यकता हो तो दोषी अधिकारियों-कर्मचारियों के विरुद्ध क्रिमनल केस भी दर्ज किया जाए। वहीं इस मामले की बेहतर जांच के लिए शासन ने एक विशेष जांच दल भी बनाया है।

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जांच कर रही है संयुक्त कमेटी

सुपरटेक बिल्डर और नोएडा विकास प्राधिकरण के अधिकारियों की गठजोड़ की बात मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट ने कही थी। जिसके बाद सीएम योगी आदितयनाथ ने खुद इस मामले का संज्ञान लेकर कार्रवाई का आदेश दिया था। नोएडा विकास प्राधिकरण ने एसीईओ नेहा शर्मा और एसीईओ प्रवीण कुमार मिश्र की संयुक्त कमेटी को जांच में लगाया है।

दोषी अधिकारियों की पहचान में जुटी कमेटी

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आदेश के बाद कमेटी को जल्द जांच करने के लिए कहा गया है। जानकारी के अनुसार चार से पांच दिनों में यह कमेटी प्राथमिक रिपोर्ट देगी। इस जांच में एमराल्ड कोर्ट मामले में संलिप्त अधिकारियों की पहचान करनी है। इसके अलावा यह भी पता करना है कि किन स्तरों पर कमियां हुईं। इसे लेकर विभागों से फाइलें मंगाकर खंगाली जा रही हैं।

दो टावरों को ध्वस्त करने का दिया था आदेश

आपको बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को अपने आदेश में सेक्टर-93ए सुपरटेक एमराल्ड कोर्ट के 40 मंजिला ट्विन टावर के ध्वस्तीकरण का आदेश दिया है। इसे केंद्रीय भवन अनुसंधान संस्थान (सीबीआरआई) गिराएगा। जिसके बाद सीएम योगी ने खुद पूरे मामले का संज्ञान लेते हुए संबंधित अधिकारियों को कार्रवाई के लिए आदेश दिए हैं।

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